छत्तीसगढ़राजनांदगांव जिला

Rajnandgaon: एकीकृत किसान पोर्टल में 15 जनवरी तक कैरी फारवर्ड, वन अधिकार पट्टाधारी कृषकों का नवीन पंजीयन

त्रुटि पूर्ण आधार के प्रकरण में पूर्ण पंजीयन निरस्त कर नवीन पंजीयन किया जाएगा
– 31 जनवरी तक सभी प्रकार के संशोधन कार्य किए जाएंगे

राजनांदगांव 07 जनवरी 2026। राजस्व विभाग के अधिकारियों व पटवारियों द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन उपरांत विवरण संशोधन का प्रावधान समस्त समितियों में समिति लॉगिन किया गया है। इसके अलावा खसरा व रकबा सुधार, कैरी फारवर्ड, फसल विवरण की प्रविष्टि, नवीन पंजीयन, रकबा संशोधन अन्य कार्रवाई हेतु कृषकों से अपील की जा रही है। एकीकृत किसान पोर्टल में 15 जनवरी 2026 तक कैरी फारवर्ड, वन अधिकार पट्टाधारी कृषकों का नवीन पंजीयन, त्रुटि पूर्ण आधार के प्रकरण में पूर्ण पंजीयन निरस्त कर नवीन पंजीयन, राजस्व विभाग द्वारा की गई गिरदावरी एवं भौतिक सत्यापन के आधार पर कलेक्टर की अनुशंसा पर नवीन पंजीयन तथा 31 जनवरी 2026 तक सभी प्रकार के संशोधन कार्य हेतु सभी समितियों में समिति लॉगिन में प्रावधान किया जा रहा है।

कलेक्टर ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र एवं प्रतीक चिन्ह प्रदान कर किया सम्मानित

राजनांदगांव 07 जनवरी 2026। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने जिला पंचायत सभाकक्ष में ग्रामीण विकास के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, तकनीकी सहायक, रोजगार सहायक, कार्यक्रम अधिकारी एवं आवास मित्र को प्रशस्ति पत्र एवं प्रतीक चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह उपस्थित रही। कार्यक्रम में भू-जल संरक्षण एवं संवर्धन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले तथा प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत आवास निर्माण को गुणवत्तापूर्ण, पारदर्शी एवं समयबद्ध रूप से पूर्ण कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले अधिकारी-कर्मचारी शामिल थे।

कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने कहा कि भू-जल संरक्षण एवं संवर्धन के कार्य जिले की दीर्घकालीन आवश्यकताओं से जुड़े हुए हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना का उद्देश्य आवास विहिन एवं कच्चे मकानों में रह रहे परिवारों को सुरक्षित आवास उपलब्ध कराना है। इन योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में जमीनी स्तर पर कार्यरत अधिकारियों, कर्मचारियों एवं आवास मित्रों की भूमिका अत्यंत सराहनीय है। उन्होंने कहा कि प्रशस्ति पत्र एवं प्रतीक चिन्ह केवल सम्मान नहीं, बल्कि भविष्य में और अधिक समर्पण एवं गुणवत्ता के साथ कार्य करने की प्रेरणा भी है। इस अवसर पर अन्य अधिकारी उपस्थित थे।