
CG : समाधान योजना अंतर्गत 30 जून तक कर सकते हैं पंजीयन …
महासमुंद। सरायपाली विद्युत संभाग अंतर्गत कुल 28,655 बीपीएल विद्युत कनेक्शनधारियों पर लगभग 49 करोड़ रुपए का बकाया है। समाधान योजना के तहत निर्धारित समय सीमा में पंजीयन कर शेष राशि का भुगतान करने पर इन्हें 42.33 करोड़ रुपए तक की छूट मिलेगी और मात्र 7.05 करोड़ रुपए का भुगतान करना होगा। मुख्यमंत्री की इस महत्वाकांक्षी योजना का सर्वाधिक लाभ छुईपाली, बलौदा, पाटसेन्द्री, बसना ग्रामीण, सरायपाली ग्रामीण, गढ़फुलझर एवं भंवरपुर वितरण केंद्रों के ग्रामीण उपभोक्ताओं को मिलेगा। विभाग द्वारा योजना के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु व्यापक स्तर पर तैयारी की जा रही है।
योजना के अंतर्गत निष्क्रिय बीपीएल उपभोक्ताओं को मूल बकाया में 75 प्रतिशत तथा अधिभार में 100 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। वहीं निष्क्रिय घरेलू एवं कृषि उपभोक्ताओं को मूल बकाया में अधिकतम 50 प्रतिशत एवं अधिभार में 100 प्रतिशत तक छूट का प्रावधान है। शेष राशि का भुगतान अधिकतम 6 किस्तों में किया जा सकता है, हालांकि किस्तों के साथ छूट का प्रतिशत क्रमशः कम होता जाएगा। सरायपाली विद्युत संभाग के कार्यपालन अभियंता श्री टी.के. पटेल ने बताया कि योजना में पंजीयन की अंतिम तिथि 30 जून 2026 निर्धारित की गई है। उपभोक्ता केवल बीपी नंबर एवं मोबाइल नंबर के माध्यम से मोर बिजली बिल एप या नजदीकी विद्युत कार्यालय में पंजीयन कर सकते हैं।जगरूकता एवं पंजीयन के लिए बुधवार से प्रत्येक वितरण केंद्र में साप्ताहिक बाजार एवं बड़े गांवों में शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। साथ ही जनप्रतिनिधियों एवं पंचायत प्रतिनिधियों से अधिक से अधिक लोगों को योजना का लाभ दिलाने हेतु सहयोग की अपील की गई है।
उन्होंने बताया कि सरायपाली बिजली संभाग के 12 वितरण केन्द्रों में छुईपाली वितरण केंद्र में सर्वाधिक 4,800 बीपीएल उपभोक्ता हैं, जिन पर 8.02 करोड़ रुपए बकाया है। समय पर 1.04 करोड़ रुपए जमा करने पर इन्हें 6.99 करोड़ रुपए की छूट मिलेगी। वहीं बलौदा वितरण केंद्र में 3,842 उपभोक्ताओं पर 6.95 करोड़ रुपए बकाया है, जहां मात्र 95 लाख रुपये जमा करने पर 6 करोड़ रुपए की छूट मिलेगी। इसी प्रकार बसना ग्रामीण वितरण केंद्र में 3,738 उपभोक्ताओं पर 7.10 करोड़ रुपए बकाया है, जिसमें 1.04 करोड़ रुपए जमा करने पर 6.05 करोड़ रुपये की छूट प्राप्त होगी।
कार्यपालन अंभियंता ने बताया कि लगभग 80 प्रतिशत उपभोक्ताओं ने बिजली कनेक्शन लेने के बाद से एक बार भी बिल का भुगतान नहीं किया गया है। योजना के अनुसार उन्हें अधिकतम 30 यूनिट प्रतिमाह खपत की छूट दी गई थी। इससे अधिक खपत पर बिल का भुगतान करना था जो नहीं किया गया। बीपीएल कनेक्शन में बेसिक सुविधा के लिए इस्तेमाल किया जाना था पर इसके अतिरिक्त अन्य उपकरण का भी इस्तेमाल किया गया है। उन्होंने बताया कि समाधान योजना के बाद भी यदि उपभोक्ता बकाया नहीं चुकाते हैं, तो उनके बिजली कनेक्शन काटने की कार्रवाई की जाएगी। इसलिए समय रहते पंजीयन कर योजना का लाभ लेना आवश्यक है। उपभोक्ता मोर बिजली बिल मोबाइल एप के माध्यम से स्वयं भी अपने बिजली बिल का भुगतान कर सकते हैं। विभाग द्वारा गांव-गांव में शिविर लगाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक उपभोक्ता इस लाभकारी योजना का फायदा उठा सकें।






