lokesh sharma

Lokesh Sharma | Editor Lokesh Sharma is a trained journalist and editor with 10 years of experience in the field of journalism. He holds a BAJMC degree from Digvijay College and a Master of Journalism from Kushabhau Thakre University of Journalism & Mass Communication. He has also served as a Professor in the Journalism Department at Digvijay College. Currently, he writes on Sports, Technology, Jobs, and Politics for kadwaghut.com.
  • CG : शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव का गुजरात दौरा, आधुनिक तकनीक से सशक्त होगी छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था

    सगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में जुड़ेगी नई तकनीक: मंत्री गजेंद्र यादव

    मंत्री यादव ने दिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश

    भास्कराचार्य संस्थान से नवाचारों की जानकारी लेकर शिक्षा को डिजिटल दिशा देगा छत्तीसगढ़: मंत्री गजेंद्र यादव

    रायपुर,

    छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में जुड़ेगी नई तकनीक: मंत्री श्री गजेंद्र यादव
    छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में जुड़ेगी नई तकनीक: मंत्री श्री गजेंद्र यादव
    छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में जुड़ेगी नई तकनीक: मंत्री श्री गजेंद्र यादव

    स्कूल शिक्षा, ग्रामोद्योग, विधि एवं विधायी कार्य मंत्री गजेंद्र यादव ने अपने तीन दिवसीय गुजरात प्रवास के दौरान अहमदाबाद स्थित भास्कराचार्य अंतरिक्ष अनुप्रयोग एवं भू-सूचना विज्ञान संस्थान (BISAG) का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने संस्थान द्वारा शिक्षा और विज्ञान के क्षेत्र में किए जा रहे नवीनतम शोध, तकनीकी उपयोग और नवाचारों का अवलोकन किया।

    मंत्री यादव ने कहा कि गुजरात में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए तकनीक का प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। यहां शिक्षा से जुड़े नवाचारों और अत्याधुनिक तकनीकों के प्रयोग ने सीखने और पढ़ाने की प्रक्रिया को अधिक सरल और प्रभावी बना दिया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि छत्तीसगढ़ में भी शिक्षा व्यवस्था को सशक्त और आधुनिक बनाने के लिए इसी प्रकार की कार्ययोजना तैयार की जाए, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ नई तकनीक से जुड़ने का अवसर मिल सके। मंत्री यादव ने कहा कि तकनीक के माध्यम से न केवल शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार संभव है, बल्कि दूरस्थ और दुर्गम अंचलों में रहने वाले विद्यार्थियों तक भी बेहतर शैक्षणिक सामग्री पहुंचाई जा सकती है। इस दिशा में गुजरात के मॉडल का अध्ययन कर छत्तीसगढ़ में भी इसे लागू करने की संभावनाओं पर गंभीरता से विचार किया जाएगा।

    इस अवसर पर शिक्षा विभाग के सचिव सिद्धार्थ कोमल सिंह परदेशी, संचालक लोक शिक्षण ऋतुराज रघुवंशी, गुजरात राज्य के अधिकारी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने BISAG के विभिन्न प्रकल्पों और तकनीकी मॉड्यूल्स का गहन अध्ययन किया और इसे छत्तीसगढ़ की आवश्यकताओं के अनुरूप लागू करने पर चर्चा की। मंत्री यादव का यह दौरा छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में नए आयाम जोड़ने और छात्रों को तकनीक आधारित शिक्षा की ओर अग्रसर करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

  • CG : ओजोन परत संरक्षण दिवस पर आयोजित होगा पोस्टर एवं इन्वायरोथान प्रतियोगिता

    वित्त, आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी मुख्य अतिथि के रूप में होंगे शामिल

    रायपुर, अंतर्राष्ट्रीय ओजोन परत संरक्षण दिवस पर छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल की ओर से मंगलवार 16 सितम्बर को पोस्टर एवं इन्वायरोथान प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम प्रातः 10 बजे से नवीन विश्राम गृह, सिविल लाइंस रायपुर में होगा। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में वित्त, वाणिज्य कर, आवास एवं पर्यावरण तथा योजना एवं सांख्यिकी विभाग के मंत्री ओ.पी. चौधरी शामिल होंगे।

    प्रतियोगिता में स्कूली और महाविद्यालयीन छात्र-छात्राएं भाग लेंगे। पोस्टर प्रतियोगिता का विषय “जलवायु परिवर्तन के कारण और निदान” अथवा “ओजोन परत संरक्षण – मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल” रहेगा। इसे तीन वर्गों में विभाजित किया गया है, पहला वर्ग 12 से 17 वर्ष, दूसरा 18 से 22 वर्ष और तीसरा दिव्यांगजनों के लिए। प्रतिभागियों को पोस्टर बनाने हेतु अपना हार्ड बोर्ड साथ लाना होगा।

    इन्वायरोथान प्रतियोगिता का विषय “वेस्ट टू वेल्थ” तय किया गया है। इसमें कक्षा 12वीं तक, स्नातक स्तर और स्नातकोत्तर स्तर के विद्यार्थी भाग ले सकेंगे। दोनों प्रतियोगिताओं में विजेताओं को आकर्षक नगद पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।

    प्रतियोगिताओं के उपरांत अपरान्ह 4 बजे से पुरस्कार वितरण एवं संगोष्ठी का आयोजन किया जाएगा। प्रतिभागियों को आधार कार्ड और विद्यालय/महाविद्यालय का पहचान पत्र साथ लेकर सुबह 9.30 बजे तक प्रतियोगिता स्थल पर उपस्थित होना होगा।

  • CG : कबीरधाम जिले में शुरू हुई सौर ऊर्जा क्रांति की कहानी

    रायपुर,

     प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना
     प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना

    प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना कबीरधाम जिले में सौर ऊर्जा आत्मनिर्भरता की नई राह प्रशस्त कर रही है। कबीरधााम जिले के 11 परिवारों ने अपने घरों की छतों पर सोलर रूफटॉप प्लांट स्थापित कर यह संदेश दिया है कि यह योजना केवल बिजली बिल की बचत का साधन नहीं, बल्कि आर्थिक सशक्तिकरण और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक जनआंदोलन है।

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मंशानुरूप एवं जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में कबीरधाम जिले में योजना का क्रियान्वयन तीव्र गति से हो रहा है। अब तक जिले में 94 से अधिक हितग्राही वेंडरों का चयन कर चुके हैं तथा कई लाभार्थियों को सब्सिडी राशि सीधे उनके बैंक खातों में हस्तांतरित की जा चुकी है। आने वाले महीनों में हजारों परिवार इस योजना से जुड़ने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।

    कबीरधाम जिले के 11 परिवारों ने योजना का लाभ उठाते हुए अपने घरों की छतों पर 1 से 3 किलोवाट क्षमता वाले सोलर पैनल स्थापित किए हैं। इनमें योगेन्द्र सिंह कश्यप (राजमहल चौक, कवर्धा), नरेश कुमार चंद्रवंशी एवं रितेश कुमार चंद्रवंशी (दौजरी), सतीश कुमार धवलकर (मठपारा वार्ड-3), लीना तिवारी (मठपारा वार्ड-12), रोशन राम (नागर जवादन रोड), कुमारी देवी सोम (श्याम नगर), ओंकार साहू (रामनगर), सरोज बाई ठाकुर और माधुरी (कालिका नगर) शामिल हैं। इन सोलर पैनलों से प्रतिमाह लगभग 300 यूनिट मुफ्त बिजली का उत्पादन हो रहा है। अतिरिक्त बिजली को सीएसपीडीसीएल ग्रिड में भेजकर ये परिवार आगामी बिलों में क्रेडिट का लाभ भी प्राप्त कर रहे हैं।

    योगेन्द्र सिंह कश्यप ने बताया कि पहले हर माह बिजली बिल की चिंता रहती थी, अब सोलर पैनल लगने से यह समस्या समाप्त हो गई है। नरेश कुमार चंद्रवंशी, ग्राम दौजरी ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना से आत्मनिर्भरता का अनुभव हो रहा है। “अब हम केवल उपभोक्ता ही नहीं, बल्कि ऊर्जा उत्पादक भी बन गए हैं।” लीना तिवारी ने बताया कि सोलर से घर की जरूरतें पूरी हो रही हैं और अतिरिक्त बिजली ग्रिड में भेजने से आगामी बिलों में भी लाभ मिल रहा है। सतीश कुमार धवलकर ने कहा कि सूर्यघर योजना से घर रोशन हो गया है और खर्च में उल्लेखनीय कमी आई है। उन्होंने जिले के प्रत्येक परिवार से इस योजना का लाभ उठाने की अपील की।

    कबीरधाम जिले के अधीक्षण अभियंता रंजीत घोष ने बताया कि प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत घरेलू उपभोक्ताओं को 1 से 3 किलोवाट क्षमता वाले सोलर सिस्टम लगाने पर 45 हजार रुपए से लेकर 1 लाख 8 हजार रुपए तक की वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है। इस योजना के लिए प्राप्त प्रत्येक आवेदन को शामिल कर लाभान्वित किया जाएगा। यह योजना न केवल बिजली बिलों में बचत और आत्मनिर्भरता का मार्ग प्रशस्त कर रही है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग को प्रोत्साहित करते हुए एक ऊर्जा क्रांति का आधार भी बन रही है।

  • CG : रेशम की डोर से बुनी आत्मनिर्भरता – दंतेवाड़ा की महिलाओं को मिली नई पहचान

    रायपुर,

    “रेशम की डोर से बुनी आत्मनिर्भरता – दंतेवाड़ा की महिलाओं को मिली नई पहचान”

    विष्णु देव साय के कुशल नेतृत्व एवं उनके मार्गदर्शन में कृषि, उद्यानिकी और मत्स्य पालन की तरह ही रेशम विभाग भी हितग्राहियों की आजीविका सशक्त करने में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। विभाग की योजनाओं से लाभान्वित होकर जिले के स्व-सहायता समूह आत्मनिर्भरता की नई मिसाल पेश कर रहे हैं।

    रेशम विभाग द्वारा हितग्राही समूहों को स्वस्थ रेशम कीट अंडे उपलब्ध कराए जाते हैं। इन अंडों से हैचिंग से लेकर कोसा निर्माण तक की संपूर्ण प्रक्रिया हितग्राही स्वयं करते हैं। तत्पश्चात तैयार कोसों के विक्रय से उन्हें आर्थिक आमदनी प्राप्त होती है।

    इसी क्रम में शासकीय रेशम केन्द्र, चितालंका की महिला स्व-सहायता समूह ने मलबरी रेशम कीट पालन का सफल संचालन कर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है।

    इस वर्ष इन  टसर रेशम कीट पालकों ने तेरह  सौ स्वस्थ अंडों से 45 दिनों की अवधि में 45 हजार नग डाबा कोसा का उत्पादन किया गया। इन के विक्रय से समूह को 72 हजार 300 सौ रुपए की आय प्राप्त हुई। यह प्रथम फसल से हुई आमदनी समूह की महिलाओं के उत्साह और आत्मविश्वास को दोगुना कर रही है।

    अब समूह की महिलाएँ इस वित्तीय वर्ष में दूसरी एवं तीसरी फसल लेने के लिए पूरी तरह तैयार और प्रेरित हैं। यह पहल दंतेवाड़ा जिले में आजीविका संवर्धन और महिला सशक्तिकरण का मजबूत उदाहरण बनकर उभर रही है।

  • CG : प्लेसमेंट कैम्प 19 सितम्बर 2025 को…

    • निजी क्षेत्र के 77 पदों पर होगी भर्ती

    दुर्ग । जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र मालवीय नगर चौक दुर्ग में शुक्रवार 19 सितम्बर 2025 को प्रातः 10.30 बजे से प्लेसमेंट कैम्प का आयोजन किया जाएगा। इस प्लेसमेंट कैम्प में एक्में ऑटोमेशन प्राइवेट लिमिटेड दुर्ग के 17 पद (इंजीनियर, ड्राफ्टमेन, प्रोडक्शन असिस्टेंट, वेल्डर, फिटर एवं कारपेंटर) तथा जय एम्बे इमरजेंसी सर्विस प्राइवेट लिमिटेड के 60 पद (ड्राइवर, नर्सिंग स्टाफ), कुल 77 रिक्त पदों हेतु भर्ती प्रक्रिया की जाएगी।

    उक्त सभी पदों हेतु वेतन 7000 से 30,000 रूपए तक है, तथा 8वीं, 10वीं, 12वीं, आईटीआई, बीई/बीटेक, बीएससी नर्सिंग एवं कोई भी स्नातक शैक्षणिक योग्यताधारी आवेदक उक्त प्लेसमेंट कैम्प में सम्मिलित हो सकते हैं। विस्तृत जानकारी erojgar.cg.gov.in, chhattisgarh rojgar app एवं सोशल मीडिया facebook.com/mccdurg अथवा रोजगार कार्यालय के सूचना पटल के माध्यम से प्राप्त कर सकते है।

    इच्छुक आवेदक समस्त शैक्षणिक मूल प्रमाण/अंकसूची, पहचान पत्र (मतदाता परिचय पत्र/आधार कार्ड/पैन कार्ड/ड्राइविंग लाइसेंस/ राशन कार्ड), रोजगार कार्यालय का पंजीयन पत्रक, छ.ग. निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र समस्त दस्तावेजों की (छायाप्रति) के साथ प्लेसमेंट रोजगार मेला में उपस्थित हो सकते हैं।

  • CG : आयुष्मान योजना गरीब एवं मध्यम वर्ग के नागरिकों के लिए सहायक…

    गलत क्लेम करने से भुगतान में होती है देरी, इससे ईमानदारी से काम करने वाले संस्थान भी होते हैं प्रभावितः कटारिया

    आयुष्मान भारत पीएम जन आरोग्य योजना के स्टेकहोल्डर वर्कशाप का आयोजन

    रायपुर,

    गलत क्लेम करने से भुगतान में होती है देरी, इससे ईमानदारी से काम करने वाले संस्थान भी होते हैं प्रभावितः श्री कटारिया
    गलत क्लेम करने से भुगतान में होती है देरी, इससे ईमानदारी से काम करने वाले संस्थान भी होते हैं प्रभावितः श्री कटारिया

    आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना शहीद वीर नारायण सिंह आयुष्मान स्वास्थ्य योजना के अंतर्गत आज सोमवार को  न्यू सर्किट हाउस, सिविल लाईन रायपुर में स्टेकहोल्डर वर्कशॉप का आयोजन किया गया। स्वास्थ्य विभाग के सचिव अमित कटारिया की परिकल्पना एवं आयुक्त स्वास्थ्य सेवाएं सह मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. प्रियंका शुक्ला  के मागदर्शन में यह वर्कशॉप आयोजित की गई। 

    योजनांतर्गत जनवरी 2025 में राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण, भारत सरकार द्वारा नई दिल्ली में आयोजित बैठक में जानकारी दी गई थी कि छत्तीसगढ़ में देश में सबसे अधिक फ्रॉड क्लेम पाए गए हैं, और ऐसे अस्पतालों की संख्या के मामले में छत्तीसगढ़ चौथे स्थान पर है। वर्कशॉप में अस्पतालों को जानकारी दी गई कि ट्रिगर क्लेम को कैसे कम किया जा सकता है। साथ ही उन्हे जानकारी दी गई कि भविष्य में भी क्लेम, ट्रिगर नहीं हों।

    अमित कटारिया द्वारा यह बताया गया कि आयुष्मान योजना गरीब एवं मध्यम वर्ग के नागरिकों के लिए बहुत सहायक है। इस योजना से उन्हें अपने उपचार के लिए अस्पताल का चुनाव करने का विकल्प मिला है। उन्होने बताया कि गलत क्लेम करने से एक दुविधा की शुरुआत हो जाती है। इससे योजना की छवि धूमिल होती है और जनता व अस्पताल का विश्वास डगमगाता है। इससे वास्तविक मरीज जिसे उपचार मिलना चाहिए, अक्सर वंचित रह जाता है। साथ ही अस्पतालों के सही भुगतान में देरी होती है और ईमानदारी से काम करने वाले संस्थान भी प्रभावित होते हैं। और अंततः इसका सबसे बड़ा नुकसान गरीब और वंचित परिवार को उठाना पड़ता है, जिनके लिए यह योजना जीवनरेखा है।

    साथ ही उनके द्वारा बताया गया कि योजना में अस्पतालों का सही पंजीयन किया जाये और समय-समय पर उनका निरीक्षण किया जाये। शासकीय अस्पतालों द्वारा भी योजना में क्लेम करने के दौरान पूर्ण दस्तावेज़ अपलोड करें जिससे अनावश्यक क्लेम निरस्त न हों। उन्होने आशा जाहिर की कि हमारा राज्य योजना के सकारात्मक मानकों में पूरे देश में प्रथम स्थान पर आए।

    इस वर्कशॉप में पूरे दिन में विभिन्न बिन्दुओ जैसे, योजना की सामान्य जानकारी, आयुष्मान कार्ड कैसे बनाया जाता है, वय वंदना योजना में आयुष्मान कार्ड कैसे बनाए जाएं,  सही तरीके से क्लेम कैसे किए जाएं, दस्तावेज़ कैसे सही तरीके से बनाए जाएं, लिपिकीय त्रुटि कम से कम हों, योजना में क्या करना चाहिए व क्या नहीं करना चाहिए, आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन अंतर्गत आभा आई.डी. का उपयोग एवं कम्प्लांएट सॉफ्टवेयर का उपयोग आदि पर जानकारी दी गई। वर्कशॉप में उपस्थित प्रतिभागियों द्वारा अपनी शंकाओं को रखा गया जिसका समाधान, वक्ताओं द्वारा किया गया है। 

    इस वर्कशॉप में डॉ. सुरेन्द्र पामभोई, संचालक, राज्य स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण संस्थान, छत्तीसगढ़, टी.एन. सिंह, राज्य सूचना एवं विज्ञान अधिकारी, एन.आई.सी, छत्तीसगढ़, मनीष कोचर, तकनीकी निदेशक, एन.आई.सी, छत्तीसगढ़, डॉ. सुरेन्द्र शुक्ला, चेयरबोर्ड, हॉस्पिटल बोर्ड ऑफ इंडिया, छ.ग., पूजा शुक्ला मिश्रा, संयुक्त संचालक (वित्त), एवं डॉ धर्मेंद्र गहवई, प्रोजेक्ट डॉयरेक्टर, राज्य नोडल एजेंसी, छ.ग., राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण, भारत सरकार से प्रतिनिधि, छत्तीसगढ़ के समस्त जिलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, सिविल सर्जन सह अस्पताल अधीक्षक, जिला आयुष्मान नोडल अधिकारी, जिला परियोजना समन्वयक एवं अस्पताल सलाहकार एवं जिला रायपुर, दुर्ग एवं बिलासपुर के निजी अस्पतालों के प्रतिनिधि शामिल हुए।

  • CG : पीएम सूर्यघर योजना से आत्मनिर्भर बनीं सोनकुंवर, बिजली बिल हुआ शून्य

    रायपुर, प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना जिले के उपभोक्ताओं के लिए वरदान साबित हो रही है। इस योजना के माध्यम से घर-घर सौर ऊर्जा से रोशनी पहुँच रही है तथा उपभोक्ता बिजली के मामले में आत्मनिर्भर बन रहे हैं। मोहला-मानपुर-अम्बागढ़ चौकी जिले स्थित मेरेगांव की निवासी सोनकुंवर ध्रुव ने योजना का लाभ उठाते हुए अपने मकान की छत पर पाँच किलोवाट क्षमता का रूफ टॉप सोलर पैनल स्थापित किया है। सौर ऊर्जा से हो रहे उत्पादन से उनका पूरा घर रोशन हो रहा है। इससे उन्हें हर महीने आने वाले भारी-भरकम बिजली बिल से राहत मिली है और अब उनका बिजली बिल शून्य हो गया है। 

    ध्रुव ने बताया कि उनके बड़े संयुक्त परिवार में बिजली की खपत अधिक थी, जिसके कारण हर माह बिजली बिल की राशि भी ज्यादा आती थी। प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना की जानकारी मिलने पर उन्होंने तुरंत सोलर पैनल लगवाने का निर्णय लिया। लगभग 2 लाख 97 हजार रुपए की लागत वाले इस संयंत्र पर केंद्र सरकार की ओर से उन्हें 78 हजार रुपए की सब्सिडी प्राप्त हुई। अब वह न केवल अपने घर की आवश्यकता पूरी कर रही हैं, बल्कि अतिरिक्त बिजली का उत्पादन कर सप्लाई भी कर रही हैं। धु्रव ने बताया कि इस योजना से उन्हें न सिर्फ आर्थिक बचत हो रही है बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान देने का अवसर मिला है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए अन्य उपभोक्ताओं से भी अपील की कि वे योजना का लाभ लेकर बिजली के लिए आत्मनिर्भर बनें।

    उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत शहरी एवं ग्रामीण घरेलू उपभोक्ताओं को अपने घरों की छत पर सोलर प्लांट स्थापित करने हेतु प्रोत्साहित किया जा रहा है। इस योजना के तहत प्रति माह 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली प्रदान की जा रही है। साथ ही, उपभोक्ताओं को 30 हजार रुपए से 78 हजार रुपए तक की सब्सिडी भी उपलब्ध कराई जा रही है। इस अभिनव पहल से न केवल बिजली बिलों में कमी आ रही है, बल्कि उपभोक्ता बिजली उत्पादन कर आत्मनिर्भर बन रहे हैं और नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग से पर्यावरण संरक्षण एवं रोजगार सृजन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

  • CG : ऑल इंडिया नेवल कैंप से लौटे कैडेट्स का छत्तीसगढ़ महाविद्यालय में हुआ स्वागत

    रायपुर, छत्तीसगढ़ महाविद्यालय रायपुर के एन.सी.सी. नेवल डिवीजन के तीन कैडेट्स अंकुर तिवारी (बी.एससी. पंचम सेमेस्टर), पुनीत साहू (बी.ए. पंचम सेमेस्टर) एवं पंकज साहू (बी.ए. तृतीय सेमेस्टर) ने देश के प्रतिष्ठित ऑल इंडिया नेवल कैंप में प्रतिभाग कर महाविद्यालय और राज्य का नाम गौरवान्वित किया।

    यह कैंप 1 से 12 सितम्बर तक मुंबई के कोलाबा नौसैनिक बेस में आयोजित हुआ, जिसमें पूरे देश के 17 एन.सी.सी. निदेशालयों से 600 से अधिक कैडेट्स शामिल हुए। छत्तीसगढ़-मध्यप्रदेश निदेशालय की 36 सदस्यीय टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए इन कैडेट्स ने अनुशासन, लगन और उत्कृष्ट प्रदर्शन से सभी को प्रभावित किया। 40 दिनों की कठिन तैयारी और चयन प्रक्रिया के बाद चयनित इन कैडेट्स ने कैंप में सीमैनशिप, बोट पुलिंग, रेजिंग, वॉटर स्टेटिक, इंटरव्यू, रिले रेस तथा विभिन्न नौसैनिक विषयों पर प्रशिक्षण प्राप्त किया।

    महाविद्यालय में लौटने पर प्राचार्य डॉ. नेहरू नाग,एन. सी. सी.के लेफ्टिनेंट डॉ. अनिल रामटेके सहित प्राध्यापकों और विद्यार्थियों ने कैडेट्स का पुष्पगुच्छ देकर सम्मान किया। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि न केवल महाविद्यालय बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व की बात है।

  • CG : 32.6 लीटर महुआ शराब जब्त, दो आरोपी गिरफ्तार

    रायपुर, आबकारी विभाग रायगढ़ द्वारा अवैध शराब के विरुद्ध की गई कार्रवाई में कुल 32.6 लीटर महुआ शराब जब्त कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, कांटाहरदी निवासी श्याम बाई सिदार, उम्र 48 वर्ष, पति स्व. राधेश्याम सिदार के कब्जे से 10 लीटर महुआ शराब बरामद की गई। आरोपी के विरुद्ध संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया। इसी प्रकार, ग्राम देलारी मुख्य मार्ग पर वाहनों की सघन जांच के दौरान एक लाल-काले रंग की एचएफ डीलक्स मोटरसाइकिल को रोककर तलाशी ली गई।

    तलाशी में मोटरसाइकिल से 113 नग पॉलिथीन पाउच (प्रत्येक में 200 मि.ली.) में भरी कुल 22.600 लीटर महुआ शराब बरामद की गई। आरोपी नवीन यादव, निवासी ग्राम देलारी, थाना पूंजीपथरा को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल दाखिल किया गया। उक्त कार्रवाई में आबकारी उप निरीक्षक अंकित अग्रवाल, मुख्य आरक्षक तुलेश्वर राठौर, आरक्षक कुलदीप ठाकुर, अनिशा तिर्की एवं शिव गोस्वामी की सक्रिय भूमिका रही।

    रायगढ़ जिले के प्रभारी सहायक आयुक्त आबकारी का कहना है कि जिले में शराब के अवैध कारोबार परिवहन एवं भण्डारण के विरुद्ध जांच-पड़ताल का यह अभियान निरंतर जारी रहेगा और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। 

  • CG : अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की राह पर छत्तीसगढ़

    • आलेख-नसीम अहमद खान, उप संचालक,जनसंपर्क

    रायपुर,

    आलेख : अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की राह पर छत्तीसगढ़

    आज पूरी दुनिया ऊर्जा संकट और जलवायु परिवर्तन जैसी गंभीर चुनौतियों का सामना कर रही है। जीवाश्म ईंधनों पर अत्यधिक निर्भरता न केवल सीमित संसाधनों पर दबाव डाल रही है, बल्कि पर्यावरणीय असंतुलन को भी बढ़ा रही है। ऐसे समय में अक्षय ऊर्जा, विशेषकर सौर ऊर्जा, ही भविष्य की सबसे सशक्त और टिकाऊ राह बनकर उभर रही है। भारत ने वर्ष 2030 तक 500 गीगावॉट क्षमता का नवीकरणीय ऊर्जा उत्पादन लक्ष्य निर्धारित किया है। इस राष्ट्रीय लक्ष्य को पूरा करने में छत्तीसगढ़ राज्य महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। 

    केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना ने ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में नई ऊर्जा क्रांति का मार्ग प्रशस्त किया है। योजना के अंतर्गत लाभार्थियों को घर की छत पर सोलर पैनल लगाने के लिए केंद्रीय सब्सिडी के साथ-साथ राज्य सरकार से भी आर्थिक सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है। इस योजना का उद्देश्य वर्ष 2027 तक देशभर में एक करोड़ से अधिक परिवारों को मुफ्त बिजली उपलब्ध कराना है।

    छत्तीसगढ़ में इस योजना का क्रियान्वयन तेज गति से हो रहा है। अप्रैल 2025 से अब तक 55 हजार से अधिक उपभोक्ताओं ने आवेदन किया है, जिनमें से पाँच हजार घरों में सोलर सिस्टम स्थापित हो चुके हैं। लगभग 16 हजार घरों में सोलर पैनल लगाने का कार्य प्रगति पर है। राज्य सरकार ने मार्च 2027 तक पाँच लाख घरों में सोलर पैनल लगाने का लक्ष्य तय किया है।

    ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने में सौर ऊर्जा का योगदान विशेष महत्व रखता है। प्रधानमंत्री कुसुम योजना के तहत किसानों को सोलर पंप उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इससे न केवल सिंचाई में आसानी होगी, बल्कि किसानों की निर्भरता पारंपरिक बिजली पर भी घटेगी। राज्य सरकार द्वारा अब तक सात मेगावॉट क्षमता के सोलर पंप स्थापित किए जा चुके हैं और आने वाले वर्षों में हजारों पंपों की स्थापना की योजना है। 

    इसके अतिरिक्त, दुर्गम ग्रामीण अंचलों में सोलर मिनी ग्रिड योजना लागू की जा रही है। लगभग 330 मेगावॉट क्षमता के मिनी ग्रिड प्लांट स्थापित किए जाने का लक्ष्य निर्धारित है, जिससे हजारों गाँवों को रोशनी मिलेगी।

    छत्तीसगढ़ ने नवीकरणीय ऊर्जा के औद्योगिक उपयोग की दिशा में भी कदम बढ़ाए हैं। बायोमास आधारित विद्युत संयंत्र, फ्लोटिंग सोलर प्रोजेक्ट और सोलर स्ट्रीट लाइट्स की स्थापना के साथ-साथ सरकारी भवनों, छात्रावासों और अस्पतालों में सोलर विद्युतीकरण का कार्य तेज़ी से किया जा रहा है। अब तक 2,600 से अधिक सरकारी परिसरों में सोलर सिस्टम लगाए जा चुके हैं।

    राजनांदगांव जिले में सौर ऊर्जा के क्षेत्र में देश का सबसे बड़ा बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम डोंगरगढ़ रोड पर ग्राम ढाबा के आसपास के 4-5 गांवों के पहाड़ी क्षेत्र में स्थापित किया गया है। इससे प्रतिदिन 5 लाख यूनिट से अधिक बिजली का उत्पादन होगा और लगभग 4.5 लाख मीट्रिक टन कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी। आने वाले दो वर्षों में 2000 मेगावॉट क्षमता के सोलर पार्क स्थापित किए जाएंगे, जिससे छत्तीसगढ़ राष्ट्रीय स्तर पर अक्षय ऊर्जा उत्पादन का प्रमुख केंद्र बनेगा।

    सौर ऊर्जा न केवल बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित करती है, बल्कि यह स्वच्छ पर्यावरण के निर्माण में भी सहायक है। ‘‘सोलर विलेज’’ की अवधारणा के अंतर्गत 53 गाँवों का चयन किया गया है, जहाँ कोयला आधारित बिजली पर निर्भरता कम कर केवल सौर ऊर्जा से ही विद्युत आपूर्ति की जाएगी। यह प्रयास ग्रामीण जीवन में स्थायी बदलाव लाएगा और कार्बन उत्सर्जन घटाने में भी सहायक सिद्ध होगा।

    वर्तमान में छत्तीसगढ़ की कुल बिजली मांग लगभग 5,500 मेगावॉट है, जिसमें 15 प्रतिशत आपूर्ति नवीकरणीय स्रोतों से हो रही है। वर्ष 2030 तक इस हिस्सेदारी को 45 प्रतिशत और वर्ष 2047 तक 66 प्रतिशत तक पहुँचाने का लक्ष्य है। इन प्रयासों के परिणामस्वरूप छत्तीसगढ़ अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होगा।

    छत्तीसगढ़ की नीतियाँ अक्षय ऊर्जा उत्पादन को बढ़ावा देने के साथ-साथ उपभोक्ताओं को सस्ती, स्वच्छ और स्थायी बिजली उपलब्ध कराने पर केंद्रित हैं। ‘‘सूर्यघर योजना’’ और अन्य सौर परियोजनाओं से जहाँ ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में लोगों को लाभ मिलने लगा है। इससे आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित पर्यावरण और ऊर्जा आत्मनिर्भरता का मार्ग भी प्रशस्त होगा।

  • CG : युद्ध तथा सैनिक कार्यवाही में शहीद सैनिकों के आश्रितों को मिलेगी 50 लाख की अनुग्रह राशि

    परमवीर चक्र प्राप्त वीर जवानों को मिलेगी 1 करोड़ की अनुग्रह राशि

    मुख्यमंत्री साय की अध्यक्षता में राज्य सैनिक बोर्ड की बैठक में हुआ निर्णय

    हमारे सैनिक देश की सुरक्षा के लिए न्यौछावर करते हैं अपना जीवन – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    रायपुर,

    परमवीर चक्र प्राप्त वीर जवानों को मिलेगी 1 करोड़ की अनुग्रह राशि
    परमवीर चक्र प्राप्त वीर जवानों को मिलेगी 1 करोड़ की अनुग्रह राशि
    परमवीर चक्र प्राप्त वीर जवानों को मिलेगी 1 करोड़ की अनुग्रह राशि

    युद्ध तथा सैनिक कार्यवाही में शहीद  सैनिकों की पत्नी अथवा उनके आश्रितों को दी जाने वाली अनुग्रह राशि में वृद्धि करते हुए इसे 20 लाख से बढ़ाकर 50 लाख रुपये कर दिया गया है। इसके साथ ही युद्ध तथा सैनिक कार्यवाही में विभिन्न वीरता अलंकरण प्राप्त जवानों को दी जाने वाली राशि में भी वृद्धि की गई है। अब परमवीर चक्र प्राप्त वीर जवानों को 40 लाख रुपये की जगह 1 करोड़ रुपये की अनुग्रह राशि प्रदान की जाएगी। यह महत्वपूर्ण निर्णय आज मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में सम्पन्न राज्य सैनिक बोर्ड की बैठक में लिया गया।

    आज मंत्रालय महानदी भवन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में सैनिक कल्याण विभाग की 6वीं राज्य सैनिक समिति की बैठक सम्पन्न हुई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने कहा कि हमारे सैनिक देश की सुरक्षा के लिए अपना जीवन न्यौछावर करते हैं। हम उनके शौर्य और बलिदान को नमन करते हैं। सरकार भूतपूर्व सैनिकों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए सदैव प्रतिबद्ध है। बैठक में शहीदों की वीर नारियों, भूतपूर्व सैनिकों, विधवाओं एवं उनके आश्रितों के लिए राज्य द्वारा संचालित कई कल्याणकारी योजनाओं पर चर्चा की गई।

    मुख्यमंत्री साय ने समिति की छठवीं बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि 140 करोड़ देशवासियों की सुरक्षा में हमारे वीर जवान दिन-रात तत्पर रहते हैं। भारत माँ की सेवा में अपना जीवन अर्पित करने वाले इन वीर सपूतों का कल्याण करना सबका दायित्व और कर्तव्य है। आज की बैठक में भूतपूर्व सैनिकों, विधवाओं और उनके परिजनों के हित में सार्थक चर्चा हुई है। बैठक में लिए गए निर्णयों का लाभ भूतपूर्व सैनिकों और उनके परिवारों तक सीधे पहुंचेगा। भूतपूर्व सैनिकों की बेहतरी के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव भी सदस्यों द्वारा दिए गए हैं, जिन पर सकारात्मक रूप से विचार कर उचित निर्णय लिया जाएगा।

    बैठक के दौरान भूतपूर्व सैनिकों, विधवाओं एवं उनके आश्रितों के हित में कई महत्वपूर्ण एजेंडा बिंदुओं पर निर्णय लिये गए। इनमें युद्ध तथा सैनिक कार्यवाही में शहीद (बैटल कैजुअल्टी) सैनिकों की पत्नी अथवा आश्रितों को अनुग्रह राशि 20 लाख से बढ़ाकर 50 लाख करना, विभिन्न शौर्य अलंकरण प्राप्त सैनिकों को दी जाने वाली राशि में वृद्धि करना शामिल है। अब परमवीर चक्र प्राप्तकर्ता सैनिक को 40 लाख की जगह 1 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। इसी प्रकार सैनिकों के माता-पिता को दी जाने वाली जंगी इनाम राशि 5 हजार रुपये प्रतिवर्ष से बढ़ाकर 20 हजार रुपये कर दी गई है। युद्ध तथा सैनिक कार्यवाही में दिव्यांग हुए सैनिकों की अनुदान राशि 10 लाख से बढ़ाकर 30 लाख रुपये कर दी गई है। साथ ही सेवारत सैनिकों, भूतपूर्व सैनिकों एवं विधवाओं को प्रथम भूमि/गृह क्रय करने पर 25 लाख रुपये तक के स्टाम्प शुल्क में छूट देने का निर्णय लिया गया।
     
    इस अवसर पर मुख्य सचिव छत्तीसगढ़ शासन अमिताभ जैन ने मुख्यमंत्री को बालवृक्ष भेंट किया। तत्पश्चात् सैनिक कल्याण संचालनालय छत्तीसगढ़ के संचालक एवं राज्य सैनिक समिति के सचिव ब्रिगेडियर विवेक शर्मा, विशिष्ट सेवा मेडल (से.नि) ने राज्य सैनिक बोर्ड, छत्तीसगढ़ की गतिविधियों की संक्षिप्त जानकारी प्रस्तुत की। उन्होंने 13 जनवरी 2012 को आयोजित पाँचवीं राज्य सैनिक बोर्ड की बैठक की कार्यवाही विवरण पर प्रगति रिपोर्ट दी और 6वीं बैठक में सम्मिलित एजेंडा बिंदुओं पर चर्चा प्रारम्भ की।

    बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, सांसद रायपुर बृजमोहन अग्रवाल, मध्य भारत क्षेत्र के जनरल ऑफिसर कमांडिंग लेफ्टिनेंट जनरल पदम सिंह शेखावत (पीवीएसएम, एवीएसएम, एसएम), अपर मुख्य सचिव गृह विभाग मनोज पिंगुआ, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, केंद्रीय सैनिक बोर्ड नई दिल्ली के सचिव ब्रिगेडियर डी.एस. बसेरा (विशिष्ट सेवा मेडल), कमांडर छत्तीसगढ़ एवं ओडिशा सब एरिया ब्रिगेडियर तेजिंदर सिंह बावा (सेना मेडल), सचिव वित्त विभाग अंकित आनंद, सचिव सामान्य प्रशासन विभाग अविनाश चंपावत, मेजर जनरल संजय शर्मा (से.नि), विंग कमांडर ए. श्रीनिवास राव (से.नि), विक्रांत सिंह एवं राजेश कुमार पाण्डेय राज्य सैनिक समिति छत्तीसगढ़ के सदस्यगण उपस्थित थे।

  • CG : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से हार्टफुलनेस संस्थान के डायरेक्टर चावला ने की सौजन्य भेंट

    रायपुर, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से राजधानी रायपुर स्थित मंत्रालय महानदी भवन में हार्टफुलनेस संस्थान के डायरेक्टर त्रिलोचन चावला ने सौजन्य भेंट की। चावला ने मुख्यमंत्री साय को संस्थान की ओर से हैदराबाद स्थित हार्टफुलनेस मुख्यालय आने का आमंत्रण दिया।

    इस अवसर पर चावला ने मुख्यमंत्री को हार्टफुलनेस संस्थान के प्रमुख कमलेश डी. पटेल ‘दाजी’ द्वारा जैन तीर्थंकरों पर लिखी पुस्तक भेंट की। साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री को हार्टफुलनेस संस्थान द्वारा दुर्ग जिले के अमलेश्वर स्थित हार्टफुलनेस योग आश्रम सहित छत्तीसगढ़ में संचालित आध्यात्मिक और सामाजिक गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी।

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने चावला को हार्टफुलनेस मुख्यालय हैदराबाद आमंत्रण के लिए धन्यवाद दिया और संस्थान के आध्यात्मिक एवं सामाजिक कार्यों के लिए शुभकामनाएं दीं।

  • CG : आपदा प्रबंधन ऐप्स और टोल-फ्री नंबर 1070 जारी…

    सचेत, दामिनी एवं मेघदूत ऐप से मिलेगी पूर्व चेतावनी

    दुर्ग । भारत सरकार द्वारा आपदाओं जैसे (बाढ़, आकाशीय बिजली, वनीय आग, लू-ताप-घात, आदि) के बारे में जनसामान्य को पूर्व चेतावनी प्रदान करने हेतु सचेत, दामिनी एवं मेघदूत ऐप्स विकसित किये गए हैं। आपदा के समय जनसामान्य की सहायता एवं बचाव हेतु आपदा टोल फ्री नंबर 1070 जारी किया गया है।

    जिले के पुलिस, नगर सेना, जिला एवं तहसील स्तर के अधिकारियों/कर्मचारियों के साथ-साथ ग्राम पंचायत स्तर पर पटवारी, सरपंच, सचिव, शिक्षक, आशा कार्यकर्ताओं एवं आम जनसमान्य से सचेत, दामिनी एवं मेघदूत इत्यादि ऐप्स को गूगलप्ले स्टोर से डाउनलोड कर उपयोग करने का अनुरोध किया गया है। ऐप्स के साथ ही आपदा टोल फ्री नंबर 1070 का भी उपयोग कर सकते हैं।

  • CG : सीसी रोड निर्माण के लिए 10 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति…

    दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह द्वारा विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र विकास योजनांतर्गत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए 10 लाख रूपए की स्वीकृति की गई है। विधानसभा अहिवारा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा द्वारा अनुशंसित उक्त कार्य का संपादन क्रियान्वयन एजेंसी जिला मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत धमधा द्वारा किया जाएगा।

    जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय से प्राप्त जानकारी अनुसार अहिवारा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत विकासखण्ड धमधा के ग्राम पंचायत लिमतरा में सीसी रोड निर्माण हेतु 10 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है।

  • CG : भिलाई नगर विधानसभा में विकास कार्य के लिए 06 लाख 99 हजार 838 लाख रूपए स्वीकृत…

    दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह ने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र विकास योजना अंतर्गत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए भिलाई नगर विधानसभा अंतर्गत तीन विकास कार्यों के लिए 06 लाख 99 हजार 838 रूपए की स्वीकृत दी है। जिले के प्रभारी मंत्री विजय शर्मा द्वारा अनुशंसित उक्त कार्यों का संपादन क्रियान्वयन एजेंसी आयुक्त नगर पालिका निगम भिलाई द्वारा किया जाएगा।

    जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय से प्राप्त जानकारी अनुसार भिलाई नगर वार्ड क्र. 38 दुर्गा नगर पावर हाउस भिलाई शिव दुर्गा हनुमान मंदिर के पास 01 नग सार्वजनिक बोर खनन के लिए 1 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। इसी प्रकार शासकीय प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र खुर्सीपार भिलाई में 01 नग आर.ओ. वाटर कूलर हेतु 1 लाख रूपए तथा खुर्सीपार स्टेडियम के पास स्व. राजीव गांधी जी प्रतिमा के पास सार्वजनिक सौंदर्यीकरण हेतु 4 लाख 99 हजार 838 रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है।

  • CG : विकास कार्य हेतु 13 लाख 50 हजार रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति…

    दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह द्वारा सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास योजनांतर्गत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए निर्माण कार्य के लिए 13 लाख 50 हजार रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। सांसद विजय बघेल द्वारा अनुशंसित उक्त कार्याे का संपादन क्रियान्वयन एजेंसी मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत दुर्ग द्वारा किया जाएगा।

    जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार विकासखण्ड दुर्ग अंतर्गत ग्राम पीपरछेड़ी में सीसी रोड निर्माण हेतु 5 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। इसी प्रकार विनायकपुर में सीसी रोड निर्माण हेतु 3 लाख 50 हजार तथा सामुदायिक भवन व मिडिल स्कूल में बाउन्ड्रीवाल निर्माण हेतु 5 लाख रूपए स्वीकृत की गयी है।

  • CG : जिला जल जीवन एवं स्वच्छता मिशन की बैठक 18 सितंबर को…

    कोरबा । कलेक्टर अजीत वसंत की अध्यक्षता में जल जीवन एवं स्वच्छता मिशन की बैठक 18 सितंबर को शाम 05 बजे कलेक्ट्रेट सभाकक्ष कोरबा में आहूत की गई है। सर्व संबंधितों को बैठक में उपस्थित होने कहा गया है।

  • CG : महिला एवं बाल विकास मंत्री का सरगुजा संभाग प्रवास

    महिला सुरक्षा एवं सशक्तिकरण सरकार की पहली प्राथमिकता- लक्ष्मी राजवाड़े

    कोरिया जिले में विभिन्न संस्थाओं का किया औचक निरीक्षण, दिए महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश

    रायपुर,

    महिला सुरक्षा एवं सशक्तिकरण सरकार की पहली प्राथमिकता- श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े
    महिला सुरक्षा एवं सशक्तिकरण सरकार की पहली प्राथमिकता- श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े

    महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने सरगुजा संभाग के दौरे पर कोरिया जिले के बैकुंठपुर में संचालित विभिन्न संस्थाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने महिला सुरक्षा, नशा मुक्ति, वरिष्ठजन कल्याण और विशेष बच्चों की देखभाल एवं शिक्षा के लिए राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

    महिला सुरक्षा एवं सशक्तिकरण सरकार की पहली प्राथमिकता- श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े

    सबसे पहले मंत्री राजवाड़े सखी वन स्टॉप सेंटर पहुँचीं। यहाँ उन्होंने महिलाओं के लिए उपलब्ध परामर्श, कानूनी सहायता, अस्थायी आश्रय एवं चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार से अवलोकन किया। उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को और अधिक संवेदनशीलता व तत्परता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। लाभान्वित महिलाओं से चर्चा करते हुए मंत्री ने उनकी समस्याओं व अनुभवों को सुना और महिला सुरक्षा एवं सशक्तिकरण को सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता बताया।

    महिला सुरक्षा एवं सशक्तिकरण सरकार की पहली प्राथमिकता- श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े

    मंत्री राजवाड़े ने नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण किया। यहाँ संचालित गतिविधियों, उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं और पुनर्वास की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने केंद्र संचालकों को नशा मुक्ति की दिशा में और अधिक प्रभावी ढंग से काम करने के सुझाव दिए और कहा कि स्वस्थ व नशामुक्त समाज निर्माण में ऐसे केंद्रों की भूमिका अहम है।

    अपने प्रवास के दौरान मंत्री राजवाड़े वृद्धाश्रम भी पहुँचीं। यहाँ निवासरत वरिष्ठजनों से आत्मीय भेंटवार्ता कर उनका हालचाल जाना। उन्होंने उनके स्वास्थ्य, देखभाल एवं अन्य सुविधाओं की जानकारी ली और कहा कि वरिष्ठ नागरिक समाज की धरोहर हैं, जिनका सम्मान और स्नेहपूर्वक देखभाल करना सभी की जिम्मेदारी है। मंत्री ने आश्रम प्रबंधन को गुणवत्तापूर्ण सेवाएँ उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए।

    इसके पश्चात उन्होंने शासकीय बौद्धिक मंदता बालक विशेष आवासीय विद्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान विशेष बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, खेलकूद और अन्य गतिविधियों का विस्तार से अवलोकन किया। संस्था के शिक्षकों व स्टाफ से चर्चा कर मंत्री ने बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विशेष बच्चों के समग्र विकास हेतु राज्य सरकार सतत प्रयासरत है और उन्हें मुख्यधारा से जोड़ना हमारी जिम्मेदारी है।

    अपने दौरे के दौरान मंत्री राजवाड़े ने ग्राम कटगोड़ी स्थित आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया। उन्होंने बच्चों को दिए जा रहे पोषण आहार, प्रारंभिक शिक्षा और खेलकूद गतिविधियों की जानकारी ली। साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका से मातृ-शिशु पोषण योजनाओं के क्रियान्वयन, बच्चों के स्वास्थ्य परीक्षण और केंद्र की नियमित कार्यप्रणाली की जानकारी प्राप्त की।

    मंत्री राजवाड़े ने कहा कि राज्य सरकार महिला सुरक्षा, नशा मुक्ति, वरिष्ठजनों के सम्मान और विशेष बच्चों के विकास के लिए निरंतर संकल्पित है। कोरिया प्रवास के दौरान किया गया यह निरीक्षण उसी दिशा में उठाया गया ठोस कदम है, जहाँ शासन की जनहितकारी योजनाओं का लाभ बच्चों-महिलाओं-माताओं को जमीनी स्तर तक सुनिश्चित हो सके।

  • CG : ठेकेदार को अपहरण करके कि मारपीट जान से मारने की दी धमकी…

    कोरबा। आदिवासी ठेकेदार के साथ अपहरण और मारपीट का मामला सामने आया है। पंडरीपानी गांव के रहने वाले इंद्रपाल सिंह कंवर के साथ सीएसईबी कर्मी और राखड़ ठेकेदार के गुर्गों ने दबंगई दिखाई। घटना उस समय हुई जब इंद्रपाल काम से बेदरकोना से लौट रहा था। सीएसईबी कर्मी नंदू पटेल अपने साथियों के साथ वहां पहुंचा।

    उन्होंने बिना किसी कारण इंद्रपाल पर हमला किया। आरोपियों ने उसे जबरन स्कॉर्पियो में बिठा लिया। बचाव के लिए चिल्लाने पर उसके मुंह और आंखों पर कपड़ा बांध दिया। आरोपी इंद्रपाल को शारदा विहार स्थित एक कंपनी के दफ्तर ले गए। वहां उसकी बेरहमी से पिटाई की। इसके बाद उसे ढेलाडीह मार्ग पर फेंक दिया। आरोपियों ने पुलिस में शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी भी दी थी। पीड़ित ने सिविल लाइन थाने में नंदू पटेलए दुरेंद्र पटेलए राजू पटेल और शत्रुहन के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। कोरबा एसपी भूषण एक्का ने बताया कि अपहरण और मारपीट का मामला दर्ज कर जांच की जा रही है।

  • CG : मनरेगा से मिली नई राह : कुएं के निर्माण से रामनारायण के खेतों में लहलहाई हरियाली

    रायपुर,

    कुएं के निर्माण से श्री रामनारायण के खेतों में लहलहाई हरियाली

    महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) ग्रामीण आजीविका सुदृढ़ करने में लगातार नई मिसालें गढ़ रही है। इसी कड़ी में जांजगीर-चांपा जिले के नवागढ़ विकासखंड की ग्राम पंचायत दहिदा में कुआं निर्माण कार्य ने किसान रामनारायण के जीवन को नई दिशा दी है।

    पूर्व में रामनारायण पानी की समस्या से अत्यंत परेशान थे। खेतों में सिंचाई की सुविधा न होने से फसलें सूख जाती थीं और परिवार को पीने व घरेलू उपयोग के लिए भी पानी दूर-दराज से लाना पड़ता था। खेती करना उनके लिए लगभग असंभव हो गया था। ऐसी कठिन परिस्थिति में मनरेगा योजना उनके लिए संजीवनी साबित हुई।

    ग्राम सभा एवं रोजगार सहायक से जानकारी प्राप्त कर रामनारायण ने कुआं निर्माण का प्रस्ताव रखा, जिसे ग्राम सभा द्वारा स्वीकृत कर वर्ष 2023-24 में 2.52 लाख रुपये की लागत से मंजूरी दी गई। इस कार्य से 354 मानव दिवस का सृजन हुआ। प्रारंभिक कठिनाइयों—कठोर मिट्टी एवं गहराई में चट्टानों जैसी बाधाओं—के बावजूद पंचायत, तकनीकी दल एवं मजदूरों के सामूहिक प्रयास से कुआं निर्माण कार्य सफलतापूर्वक पूरा हुआ।

    आज कुआं बनने से रामनारायण के खेतों में हरियाली लौट आई है। सिंचाई की पर्याप्त सुविधा उपलब्ध होने से फसलें लहलहाने लगी हैं, पशुओं के लिए पानी की स्थायी व्यवस्था हो गई है तथा परिवार की आय में वृद्धि हुई है। इससे उनके जीवन स्तर में उल्लेखनीय सुधार आया है। रामनारायण का कहना है कि “पहले खेती करना कठिन हो गया था, परंतु कुआं निर्माण से अब न केवल खेतों में पानी की सुविधा उपलब्ध है, बल्कि घर और पशुओं के लिए भी पर्याप्त पानी मिल रहा है। आय बढ़ने से परिवार का जीवन सुखमय हो गया है।”

    इस कार्य से न केवल रामनारायण का परिवार लाभान्वित हुआ है, बल्कि गाँव के अन्य किसानों को भी प्रेरणा मिली है। दहिदा पंचायत में हुए इस कुआं निर्माण कार्य ने जल संरक्षण और ग्रामीण आत्मनिर्भरता की दिशा में एक आदर्श उदाहरण प्रस्तुत किया है।