lokesh sharma

Lokesh Sharma | Editor Lokesh Sharma is a trained journalist and editor with 10 years of experience in the field of journalism. He holds a BAJMC degree from Digvijay College and a Master of Journalism from Kushabhau Thakre University of Journalism & Mass Communication. He has also served as a Professor in the Journalism Department at Digvijay College. Currently, he writes on Sports, Technology, Jobs, and Politics for kadwaghut.com.
  • CG : छत्तीसगढ उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा ने नेशनल लोक अदालत के तहत सुनवाई का लिया जायजा 

    वर्चुअल माध्यम से जिला एवं सत्र न्यायालयों में खण्डपीठों का किया निरीक्षण

    नेशनल लोक अदालत में छत्तीसगढ राज्य को मिली ऐतिहासिक सफलता

    रिकार्ड 47.02 लाख से अधिक प्रकरणों का हुआ निराकरण

    739 करोड़ रूपए से अधिक की राशि का अवार्ड पारित

    रायपुर,

    वर्चुअल माध्यम से जिला एवं सत्र न्यायालयों में खण्डपीठों का किया निरीक्षण

    छत्तीसगढ़ राज्य में वर्ष 2025 की तृतीय नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया। इस अवसर पर माननीय न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा, मुख्य न्यायाधिपति, छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय-सह-मुख्य संरक्षक छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा उच्च न्यायालय बिलासपुर में गठित नेशनल लोक अदालत की दोनों खण्डपीठों के पीठासीन न्यायमूर्तिगण माननीय न्यायमूर्ति रजनी दूबे एवं माननीय न्यायमूर्ति दीपक कुमार तिवारी से चर्चा करते हुए नेशनल लोक अदालतों की कार्यवाहियों का जायजा लिया गया एवं जिला एवं सत्र न्यायालय बिलासपुर में भौतिक निरीक्षण किया गया। माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय द्वारा शेष समस्त जिला एवं सत्र न्यायालयों में आयोजित नेशनल लोक अदालत की कार्यवाहियों का वर्चुअल माध्यम से भी निरीक्षण किया गया। माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय समस्त जिलों के प्रधान जिला न्यायाधीशों के साथ संवाद व चर्चा की गई तथा नेषनल लोक अदालत की प्रगति का जायजा लेकर उन्हें अधिक से अधिक प्रकरणों के निराकरण हेतु मार्गदर्शन करते हुए प्रोत्साहित किया गया।

    माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय के द्वारा की गई यह पहल लोक अदालत के पीठासीन अधिकारियों, सदस्यों व पक्षकारों को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ पक्षकारों में विष्वास सृजित करेगा और लोक अदालत को और विष्वसनीयता और प्रमाणिकता प्रदान करेगा। यह उल्लेखनीय है कि “जनसामान्य को शीघ्र, सुलभ एवं सस्ता न्याय प्रदान करने के उद्देश्य से लोक अदालत का आयोजन तहसील, जिला एवं उच्च न्यायालय स्तर पर किया जाता है। इसमें विवादों का निपटारा आपसी समझौते व सौहार्दपूर्ण वार्ता के माध्यम से किया जाता है। लोक अदालत में आपसी सहमति से निराकृत मामलों में अपील का प्रावधान नहीं होता तथा वादियों को पूर्व में जमा किया गया संपूर्ण न्याय शुल्क वापस कर दिया जाता है।

    छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में तृतीय राष्ट्रीय लोक अदालत में दो खण्डपीठ का गठन किया गया था जिसमें क्रिमिनल 07, सिविल 64 व रिट 62 व अन्य सिविल मामले के कुल 01 प्रकृति के कुल 134 प्रकरण का निकराकरण किया गया और दो करोड़ सत्तर हजार का अवार्ड पारित किया गया है। 

    इसी प्रकार सम्पूर्ण राज्य में उच्च न्यायालय से लेकर तालुका स्तर न्यायालयों के साथ-साथ राजस्व न्यायालयों में 13 सितम्बर 2025 को आयोजित नेषनल लोक अदालत में प्राप्त आंकड़ों के अनुसार कुल 47 लाख 02 हजार 692 प्रकरणों का निराकरण करते हुए कुल 7 अरब 39 करोड़ 48 लाख 78 हजार 898 रूपए का अवार्ड पारित किया गया। इस नेशनल लोक अदालत में तकनीकी का उपयोग करते हुए जहां पक्षकार नहीं आ सके उन्हें वर्चुअल माध्यम से भी जोड़कर तथा मोबाईल वेन के माध्यम से लोक अदालत में प्रकरणों का निराकरण किया गया।

    माननीय न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा मुख्य न्यायाधिपति, छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर द्वारा माननीय न्यायमूर्ति संजय के. अग्रवाल, कार्यपालक अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, माननीय न्यायमूर्ति पार्थ प्रतीम साहू अध्यक्ष उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीषों, लोक अदालत की खण्डपीठों के पीठासीन अधिकारियों, अधिवक्तागण, पक्षकारगण एवं उन सभी हितधारकों को जिन्होंने प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से इस नेशनल लोक अदालत को ऐतिहासिक रूप से सफल बनाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया है, को धन्यवाद ज्ञापित किया है।

  • CG : प्रार्थना सभा में धर्मांतरण का आरोप: बजरंग दल और ईसाई समुदाय में झड़प…

    दुर्ग । छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में रविवार को धर्मांतरण के आरोप को लेकर बड़ा बवाल हो गया। पद्मनाभपुर थाना क्षेत्र के जेल रोड स्थित एक मकान में ईसाई समुदाय द्वारा प्रार्थना सभा आयोजित की जा रही थी। आरोप है कि सभा की आड़ में धर्मांतरण कराया जा रहा था।

    सूचना मिलने पर बजरंग दल के सैकड़ों कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे। उन्होंने नारेबाजी की और वहीं हनुमान चालीसा का पाठ शुरू कर दिया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की और झड़प की स्थिति बन गई।

    झड़प और आरोप
    बजरंग दल कार्यकर्ताओं का आरोप है कि ईसाई समुदाय लगातार धर्मांतरण करा रहा है। इसी बीच जॉन नामक व्यक्ति पर कार्यकर्ताओं से हाथापाई करने का आरोप लगा। बजरंग दल की छत्तीसगढ़ इकाई के कार्यकर्ता ज्योति शर्मा ने आरोप लगाया कि जॉन को बाहर से फंडिंग मिलती है और वह ऐसे मामलों में हमेशा सक्रिय रहता है। उन्होंने प्रशासन से जॉन को जिला बदर करने और उसकी बैंक डिटेल की जांच की मांग की।

    पुलिस का हस्तक्षेप
    स्थिति बिगड़ने पर पुलिस मौके पर पहुंची। जब पुलिस पादरी को थाने ले जाने लगी तो भीड़ ने गाड़ी रोकने की कोशिश की। हालात नियंत्रण से बाहर होते देख अतिरिक्त बल बुलाना पड़ा। बड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने दोनों पक्षों को अलग किया।

    दुर्ग शहर एडिशनल एसपी सुखनंदन राठौर ने बताया कि सूचना पर पुलिस पहुंची थी। वहां बजरंग दल और ईसाई समुदाय के लोग आपस में भिड़ गए, जिससे कानून-व्यवस्था की स्थिति बनी। दोनों पक्षों को समझाइश दी गई है और उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

    तनाव बरकरार
    घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है। पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। वहीं, बजरंग दल ने चेतावनी दी है कि यदि इस तरह की गतिविधियाँ जारी रहीं, तो वे बड़े आंदोलन की राह पकड़ेंगे।

  • CG : राज्य स्तरीय वाद-विवाद प्रतियोगिता में बलरामपुर को मिला पहला पुरस्कार…

    सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा विषय पर सेजेस विद्यालय जरहाडीह ने जिले का नाम किया रोशन

    बलरामपुर । “सड़क सुरक्षा-जीवन रक्षा” राज्य स्तरीय वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन एससीईआरटी शंकर नगर, रायपुर में किया गया। प्रतियोगिता में बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के स्वामी आत्मानंद हिन्दी माध्यम विद्यालय जरहाडीह, बलरामपुर एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बरतीकला, वाड्रफनगर के कुल 20 छात्र-छात्राएं शामिल हुए। राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में पूरे प्रदेश से 15 स्कूलों के 150 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। प्रतियोगिता में बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के विकासखण्ड बलरामपुर के स्वामी आत्मानंद हिन्दी माध्यम विद्यालय जरहाडीह ने प्रथम स्थान प्राप्त जिले का नाम रोशन किया। प्रथम स्थान आने पर स्वामी आत्मानंद हिन्दी माध्यम विद्यालय जरहाडीह को 35 हजार रुपये एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इसी प्रकार शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बरतीकला को सांत्वना पुरस्कार के रूप में 10 हजार रुपये प्रदान किया गया।

    गौरतलब है कि बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में कलेक्टर राजेंद्र कटारा एवं जिला पंचायत सीईओ नयनतारा सिंह तोमर के मार्गदर्शन व जिला शिक्षा अधिकारी डी. एन. मिश्रा के नेतृत्व में सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा विषय पर वाद-विवाद प्रतियोगिता स्कूल स्तर, ब्लॉक स्तर व जिला स्तर पर आयोजित किया गया। संभाग स्तरीय प्रतियोगिता में जिले के स्वामी आत्मानंद हिन्दी माध्यम विद्यालय जरहाडीह एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बरतीकला ने द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त कर राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में जिले का प्रतिनिधित्व किया।

  • CG : टाटीखारा प्राथमिक शाला में शिक्षकों की नियुक्ति से बच्चों की पढ़ाई में आया सुधार

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल पर शिक्षा गुणवत्ता में हो रहा उन्नयन

    रायपुर,

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की पहल पर शिक्षा गुणवत्ता में हो रहा उन्नयन

    शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने और ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को बेहतर पढ़ाई उपलब्ध कराने के उद्देश्य से राज्य शासन द्वारा शिक्षक युक्तियुक्तकरण नीति के अंतर्गत लिए गए निर्णय का सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। सरगुजा जिले के सीतापुर विकासखंड के ढोढ़ागांव संकुल अंतर्गत प्राथमिक शाला टाटीखारा में अब बच्चों को नियमित रूप से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलने लगी है।

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल शिक्षा गुणवत्ता में सुधार लाने नीति बनाई गई। जिससे टाटीखारा स्कूल में दो शिक्षकों की पदस्थापना की गई है। इनमें सुखलाल सिंह और संततियुस तिग्गा शामिल हैं। इनकी नियुक्ति से पहले स्कूल में पर्याप्त शिक्षक उपलब्ध नहीं थे, जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही थी।

    टाटीखारा गांव के अभिभावकों ने बताया कि पहले बच्चों की पढ़ाई को लेकर काफी कठिनाई होती थी। लेकिन अब नियमित कक्षाएं संचालित हो रही हैं और बच्चों की उपस्थिति में भी वृद्धि देखी जा रही है। शिक्षक युक्तियुक्तकरण से शिक्षा व्यवस्था संतुलित हो रही है और ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों को भी पर्याप्त शिक्षक उपलब्ध कराए जा रहे हैं।

    गांव के ग्रामीणजनों ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और शिक्षा विभाग का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब बच्चों का भविष्य सुरक्षित होगा और उन्हें भी बड़े शहरों के बच्चों की तरह गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।

  • CG : प्रत्येक मामले के पीछे एक मानवीय कहानी होती है संघर्ष की, आशा की, और न्यायपालिका में विश्वास की-मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा

    प्रत्येक मामले के पीछे एक मानवीय कहानी होती है संघर्ष की, आशा की, और न्यायपालिका में विश्वास की-मुख्य न्यायाधीश श्री रमेश सिन्हा

    छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी द्वारा बस्तर संभाग के न्यायिक अधिकारियों के लिए एक दिवसीय संभागीय न्यायिक सेमिनार का आयोजन प्रेरणा हॉल, कलेक्टरेट भवन, जगदलपुर में किया गया। इस सेमिनार में बस्तर संभाग के चार जिलों जगदलपुर, कांकेर, दंतेवाड़ा, कोंडागांव के 43 न्यायिक अधिकारियों ने भाग लिया।

    छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा एवं मुख्य संरक्षक, छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी ने वर्चुअल माध्यम से सत्र का उद्घाटन किया। सेमिनार में अमितेंद्र किशोर प्रसाद, न्यायाधीश, छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, पोर्टफोलियो न्यायाधीश, जिला कांकेर की भी गरिमामयी उपस्थिति रही।

    मुख्य न्यायाधीश ने बस्तर संभाग के न्यायिक अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज के समय में न्यायपालिका से अपेक्षाएँ बहुत अधिक हैं। लोग हमसे अत्यधिक आशा रखते हैं। यह सेमिनार केवल सीखने का मंच ही नहीं, बल्कि न्याय, निष्पक्षता और विधि के शासन के प्रति हमारी सामूहिक प्रतिबद्धता की पुष्टि भी है।

    मुख्य न्यायाधीश ने अपने संबोधन में कहा कि न्यायिक शिक्षा एक बार की प्रक्रिया नहीं है; बल्कि यह सतत प्रक्रिया है। आज के दौर में जहाँ कानून तेजी से विकसित हो रहे हैं और समाज नई चुनौतियों का सामना कर रहा है, वहाँ न्याय के संरक्षक होने के नाते हमें निरंतर अपने ज्ञान को समृद्ध करना और अपनी न्यायिक क्षमता को धार देना अनिवार्य है। सतत प्रशिक्षण सुनिश्चित करता है कि हम अपने संवैधानिक दायित्वों को दक्षता, ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ निभा सकें।

    मुख्य न्यायाधीश ने आगे यह भी कहा कि बस्तर क्षेत्र अपने विशिष्ट सामाजिक-आर्थिक और सांस्कृतिक परिदृश्य के साथ न्यायपालिका के लिए चुनौतियाँ और अवसर दोनों प्रस्तुत करता है। हमारा दायित्व है कि न्याय समाज के हर कोने तक पहुँचे, विशेष रूप से वंचित और कमजोर वर्गों तक। यहाँ के न्यायिक अधिकारियों की भूमिका जनता के विश्वास को बनाए रखने और यह सुनिश्चित करने में अत्यंत महत्वपूर्ण है कि न्याय न केवल किया जाए, बल्कि होता हुआ भी दिखाई दे।

    मुख्य न्यायाधीश ने सभी न्यायिक अधिकारियों से आग्रह किया कि वे सहानुभूति, धैर्य और निष्पक्षता के साथ न्यायिक कार्य करें। याद रखें, प्रत्येक मामले के पीछे एक मानवीय कहानी होती है संघर्ष, आशा और न्यायपालिका में विश्वास की। हमें सदैव यह सुनिश्चित करने का प्रयास करना चाहिए कि न्याय समय पर, पारदर्शी और तर्कपूर्ण तरीके से दिया जाए।

    अंत में मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि इस प्रकार के सेमिनार समकालीन विधिक मुद्दों पर विचार-विमर्श, अनुभवों के आदान-प्रदान और श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों को अपनाने का मूल्यवान अवसर प्रदान करते हैं। इस सेमिनार में हुई चर्चाएँ न्यायिक अधिकारियों की दक्षता को बढ़ाएँगी और उन्हें न्यायिक कार्य की जटिलताओं को और अधिक कुशलता से संभालने योग्य बनाएँगी।

    इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के प्रभारी रजिस्ट्रार जनरल, रजिस्ट्री अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े थे। कांकेर, कोंडागांव, जगदलपुर एवं दंतेवाड़ा के जिलों के न्यायिक अधिकारी उपस्थित थे। स्वागत भाषण प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, जगदलपुर द्वारा दिया गया, परिचयात्मक उद्बोधन छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी के निदेशक ने तथा धन्यवाद ज्ञापन अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, जगदलपुर द्वारा किया गया।

    सेमिनार में बस्तर संभाग के कुल 43 न्यायिक अधिकारियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों द्वारा परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 के मामलों की कार्यवाही का अवलोकन तथा इनके निपटारे हेतु नवीन उपकरण और तकनीकें, मध्यस्थता में रेफरल जज की भूमिका, डिक्री का क्रियान्वयन गिरफ्तारी एवं सिविल कारागृह में निरुद्धि तथा संपत्ति की कुर्की द्वारा समयबद्ध और प्रभावी प्रवर्तन हेतु रणनीतियाँ, सलाखों के पीछे या स्वतंत्र रिमांड और जमानत के प्रावधानों का गहन विश्लेषण, माननीय सर्वाेच्च न्यायालय के नवीनतम निर्णयों के विशेष संदर्भ के संबंध में प्रस्तुतिकरण दिए गए।

  • CG : बीएलओ और सुपरवाइजरों का प्रशिक्षण…

    दुर्ग । दुर्ग शहर (विधानसभा क्षेत्र 64) के समस्त बूथ लेवल ऑफिसर्स, सुपरवाइजरों की बैठक साइंस कॉलेज सभागार में आयोजित की गई। सभी बीएलओ और सुपरवाइजरों को प्रशिक्षण दिया गया। बैठक में सभी बूथ लेवल ऑफिसर्स एवं सुपरवाइजर्स को कलेक्टर अभिजीत सिंह का भी मार्गदर्शन मिला। कलेक्टर सिंह ने निर्वाचक नामावली मिलान किए जाने के संदर्भ में विस्तार से जानकारी दी एवं शंकाओं का समाधान भी किया।

    प्रशिक्षण के बाद निर्वाचक नामावली का मिलान कार्य भी बीएलओ से करवाया गया। आज के प्रशिक्षण कार्यक्रम में अपर कलेक्टर एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी दुर्ग शहर अभिषेक अग्रवाल, तहसीलदार दुर्ग एवं सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी प्रफुल्ल गुप्ता, अतिरिक्त तहसीलदार क्षमा यदु, नायब तहसीलदार वासुमित्र दीवान, शिवचरण मरकाम उपस्थित थे।

  • CG : मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने ली विभागीय समीक्षा बैठक

    योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, कुपोषण उन्मूलन और आंगनबाडियों के व्यवस्थित़ संचालन पर दिए कड़े निर्देश

    रायपुर,

    योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, कुपोषण उन्मूलन और आंगनबाडियों के व्यवस्थित़ संचालन पर दिए कड़े निर्देश
    योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, कुपोषण उन्मूलन और आंगनबाडियों के व्यवस्थित़ संचालन पर दिए कड़े निर्देश

    महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने बलरामपुर जिले के संयुक्त जिला कार्यालय सभाकक्ष में विभागीय समीक्षा बैठक ली। बैठक में उन्होंने महिला एवं बाल विकास और समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की गहन समीक्षा कर अधिकारियों को जमीनी स्तर पर प्रभावी क्रियान्वयन और सतत मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

    मंत्री राजवाड़े ने प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने पर बल देते हुए कहा कि पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ समय पर और पारदर्शिता के साथ मिले। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना अंतर्गत जरूरतमंद परिवारों को प्राथमिकता से लाभान्वित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बाल विवाह रोकथाम की दिशा में गंभीर पहल करने पर जोर देते हुए कहा कि किशोरी बालिकाओं को बाल विवाह के दुष्परिणामों की जानकारी देकर जागरूक बनाया जाए, ताकि राज्य को बाल विवाह मुक्त बनाने का लक्ष्य हासिल हो सके।

    बैठक में आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन को लेकर मंत्री राजवाड़े ने कहा कि केंद्र नियमित समय पर खुलें, बच्चों की उपस्थिति और पोषण आहार की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने केंद्रों की साफ-सफाई, अध्यापन व्यवस्था और पोषण वाटिका व रेडी-टू-ईट वितरण की भी समीक्षा की। कुपोषण उन्मूलन पर विशेष जोर देते हुए मंत्री ने एनआरसी सेंटरों के सुचारू संचालन और कुपोषित बच्चों को नियमित आहार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
    मंत्री राजवाड़े ने प्रधानमंत्री जनमन अंतर्गत निर्माणाधीन आंगनबाड़ी भवनों की गुणवत्ता सुनिश्चित कर कार्य शीघ्र पूर्ण करने, रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से संचालित करने और आंगनबाड़ी केंद्रों की नियमित मॉनिटरिंग करने को कहा।

    महिलाओं के सशक्तिकरण पर बल देते हुए राजवाड़े ने सक्षम योजना की समीक्षा कर महिलाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता से जोड़ने के निर्देश दिए। साथ ही घरेलू हिंसा की रोकथाम के लिए ग्राम पंचायत स्तर पर जनजागरूकता बढ़ाने की बात कही।

    बैठक में महतारी वंदन योजना, चाइल्डलाइन, किशोर न्याय बोर्ड, बाल कल्याण समिति, सखी वन स्टॉप सेंटर सहित विभागीय कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की गई। समाज कल्याण विभाग की समीक्षा के दौरान मंत्री ने पेंशन योजनाओं के हितग्राहियों को समय पर लाभ दिलाने और विभाग में रिक्त पदों को शीघ्र भरने के निर्देश भी दिए।

    बैठक में समाज कल्याण विभाग की संचालक रोक्तिमा यादव, बलरामपुर कलेक्टर राजेन्द्र कटारा, पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर रमनलाल, महिला एवं बाल विकास विभाग अधिकारी विस्मिता पाटले, प्रभारी उप संचालक समाज कल्याण विभाग स्टेला खलखो सहित वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

  • CG : आबकारी विभाग की बैठक में दिए गए महत्वपूर्ण निर्देश…

    दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आबकारी विभाग की बैठक आयोजित की गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल, सहायक आयुक्त आबकारी सी.आर. साहू तथा दुर्ग जिला के समस्त आबकारी वृत्त प्रभारी अधिकारी एवं आरक्षक, सिक्योरिटी एजेंसी एसआईएस, प्लेसमेंट एजेंसी बीआईएस, कैश कलेक्शन एजेंसी हिताची के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

    बैठक में सभी दुकान कर्मचारियों को निर्धारित यूनिफार्म एवं आईडी नियमित रूप से धारण करने, सेवा सुविधा एप के माध्यम से वेतन भुगतान की पारदर्शी प्रक्रिया का पालन करने, दुकानों में ओवररेट, मिलावट ना होने, गार्ड को दुकान में वर्दी में सजग रूप से कार्य करने, कैश कलेक्शन सुरक्षा के साथ करने, दुकान कर्मचारियों एवं सुरक्षा गार्ड का पुलिस जाँच कराये जाने, वृत्त प्रभारियों द्वारा होटल, ढाबे, बारों की नियमित जाँच करने, मदिरा दुकानों का बेहतर एवं प्रभावी संचालन करने, अन्य प्रांत की मदिरा पर प्रभावी नियंत्रण रखने तथा कलेक्टर न्यायालय से संबंधित प्रकरणों में नोटिस तामील कराया जाकर प्रकरणों का शीघ्रता से निराकरण करने के निर्देश दिए गए।

  • CG : मुख्यमंत्री साय ने नरहरपुर में किया 75.31 करोड़ रुपए के 11 निर्माण कार्यों का भूमिपूजन

    क्षेत्रवासियों को मिली विभिन्न विकास कार्यों की सौगात

    रायपुर,

    क्षेत्रवासियों को मिली विभिन्न विकास कार्यों की सौगात

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज कांकेर जिले के नरहरपुर विकासखंड मुख्यालय में आयोजित गोंडवाना समाज के “ठाकुर जोहारनी“ कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने नरहरपुर क्षेत्र में 75 करोड़ 31 लाख 72 हजार रुपए की लागत वाले 11 विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। इन निर्माण कार्यों में अमोड़ा-नरहरपुर मार्ग ( लंबाई 16 कि.मी.) के चौड़ीकरण कार्य पर 40 करोड़ 22 लाख 71 हजार रुपये स्वीकृत किए गए हैं। इसी भैंसमुण्डी से झलियामारी मार्ग (लंबाई 4.67 कि.मी.) पर 4 करोड़ 90 लाख 16 हजार रुपये का कार्य शामिल है। साथ ही नरहरपुर हाई स्कूल बिरनपुर, नावडबरी और रावस में तीनों स्कूल भवन निर्माण कार्यों पर 75.23-75.23 लाख रुपये की लागत से निर्माण कार्यों का भूमिपूजन कार्य शामिल है। 

    इसी तरह नरहरपुर टूरी व्यपवर्तन योजना के तहत नहर का जीर्णाेद्धार एवं लाइनिंग कार्य हेतु (8 करोड़ 94 लाख 51 हजार रू.), पैरी नदी पर धनेसरा एनीकट निर्माण (4 करोड़ 82 लाख 54 हजार रू.), सिहारी नाला तालाब एवं नहर कार्य का जीर्णाेद्धार व शूटफॉल निर्माण (3 करोड़ 84 लाख 12 हजार रू.), बागोड़ एनीकट दायीं तट पर बाढ़ नियंत्रण कार्य (4 करोड़ 31 लाख 90 हजार रू.) तथा कोचवाही नाला एनीकट निर्माण (4 करोड़ 37 लाख 33 हजार) के लिए राशि स्वीकृत की गई है। इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री साय ने 1 करोड़ 62 लाख 76 हजार रुपये के लागत वाले आदिवासी बालक आश्रम चरभट्टी भवन निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया।

  • CG : नई उद्योग नीति में बस्तर संभाग पर विशेष तौर पर फोकस : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    नरहरपुर में आयोजित ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री: क्षेत्रवासियों को दी विभिन्न सौगात

    रायपुर,

    नरहरपुर में आयोजित ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री: क्षेत्रवासियों को दी विभिन्न सौगात
    नरहरपुर में आयोजित ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री: क्षेत्रवासियों को दी विभिन्न सौगात
    नरहरपुर में आयोजित ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री: क्षेत्रवासियों को दी विभिन्न सौगात

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज कांकेर जिले के नरहरपुर में आदिवासी समाज द्वारा आयोजित ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उनके साथ झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा भी उपस्थित थे।

    मुख्यमंत्री साय ने ठाकुर जोहारनी कार्यक्रम में आदिवासी समाज के ईष्ट आराध्य देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि नई उद्योग नीति में आदिवासी विकास को प्राथमिकता देते हुए बस्तर सहित सरगुजा को विशेष तौर पर फोकस किया गया है, ताकि यहां के निवासियों को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़कर उन्हें अधिकतम लाभ दिलाया जा सके। ब्लॉक मुख्यालय नरहरपुर के उन्मुक्त खेल मैदान में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री साय ने आदिवासी समाज के ईष्ट देवी-देवताओं का जयघोष करते हुए उपस्थित लोगों को ठाकुर जोहारनी और नवाखाई की बधाई दी। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज की यह अनूठी परंपरा आगे भी जीवित रहनी चाहिए और समाज की एकजुटता हमेशा बनी रहनी चाहिए।

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवा आगे बढ़ें, सुशिक्षित बनें, इसके लिए पूरे प्रदेश में नई शिक्षा नीति लागू की गई है। उन्होंने बताया कि आईआईटी, आईआईएम, ट्रिपल आईआईटी जैसी राष्ट्रीय स्तर की उच्च शिक्षण संस्थाएं प्रदेश में संचालित हैं, जिससे गुणवत्तापूर्ण और रोजगारपरक शिक्षा उपलब्ध हो सके। इसी तरह प्रयास और एकलव्य जैसे श्रेष्ठ संस्थानों के माध्यम से भी लगातार सुधार के प्रयास हो रहे हैं। दिल्ली में ट्राइबल यूथ हॉस्टल संचालित है और प्रदेशभर में नालंदा परिसर स्थापित किए जा रहे हैं।

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सुरक्षा बलों को माओवाद के विरुद्ध अभियान में लगातार बड़ी सफलताएँ मिल रही हैं। उन्होंने 31 मार्च 2026 तक माओवाद के खात्मे का संकल्प दोहराया। उन्होंने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मंशानुरूप, राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड के सहयोग से पशुपालन, मुर्गीपालन जैसी रोजगारमूलक गतिविधियों से लोगों को जोड़ने का कार्य प्रदेश सरकार कर रही है। उन्होंने कहा कि तेंदूपत्ता संग्राहकों के पारिश्रमिक में वृद्धि, चरणपादुका वितरण, रामलला दर्शन योजना सहित ग्राम पंचायतों में पारदर्शिता और सुगमता लाने के लिए अटल डिजिटल सेवा केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। केंद्र सरकार की पीएम जनमन योजना और धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान के माध्यम से आदिवासियों के सतत् और समग्र विकास को अमलीजामा पहनाया जा रहा है।

    विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि यह हमारा उत्सव का कार्यक्रम है। जल, जंगल, जमीन और अपनी परंपराओं, लोकनृत्य, गीत, मांदर और मृदंग के साथ जीने वाले आदिवासियों की अपनी विशिष्ट पहचान है। उन्होंने कहा कि अपनी जड़ों को मजबूत करते हुए स्वास्थ्य, शिक्षा और अधिकारों के प्रति सजग रहना नितांत आवश्यक है। 

    कार्यक्रम को सांसद भोजराज नाग, कांकेर विधायक आशाराम नेताम और केशकाल विधायक नीलकंठ टेकाम सहित गोंडवाना समाज के संभागीय अध्यक्ष सुमेर सिंह नाग, जिला अध्यक्ष राजेश भास्कर तथा राजाराम तोड़ेम ने भी संबोधित किया।

    इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने नरहरपुर क्षेत्र के लिए अनेक घोषणाएँ भी कीं। इनमें 30 करोड़ की लागत से बागोड़ एनीकट का निर्माण, नरहरपुर में 132 केवी विद्युत सब स्टेशन स्थापना हेतु 30 करोड़ रुपये, नरहरपुर में मावा मोदोल लाइब्रेरी के लिए 20 लाख रुपये, ग्राम ढोढ़रापहार में गोंडवाना सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 20 लाख रुपये, नरहरपुर में मोबाइल टॉवर की स्थापना, नरहरपुर में सर्वसुविधायुक्त विश्राम गृह निर्माण के लिए 80 लाख रुपये और नरहरपुर विकासखंड के गोंडवाना समाज के सभी 12 मुड़ा क्षेत्रों में 12 टीन शेड निर्माण हेतु 10–10 लाख रुपये के मान से कुल 1 करोड़ 20 लाख रुपये स्वीकृत करने की घोषणा शामिल हैं। इसके अतिरिक्त ग्राम धनेसरा में गोंडवाना समाज द्वारा संचालित जंगोरायतार इंग्लिश मीडियम स्कूल हेतु आवश्यक सहयोग की घोषणा भी की गई।

    कार्यक्रम में वन मंत्री केदार कश्यप, कांकेर लोकसभा क्षेत्र के सांसद भोजराज नाग, कांकेर विधायक आशाराम नेताम, अंतागढ़ विधायक विक्रम उसेंडी, केशकाल विधायक नीलकंठ टेकाम, प्रदेश मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष भरत मटियारा, नगरपालिका परिषद कांकेर के अध्यक्ष अरुण कौशिक, कलेक्टर निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर, जिला पंचायत के सीईओ हरेश मंडावी और समाज के प्रमुखजन सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।

  • CG : 68 वर्षीय पिता को बेटे ने लात – घूंसों से मारा पिता की मौत

    बालोद। धमतरी जिला अस्पताल से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है जहां इलाज के दौरान एक बुजुर्ग पिता की मौत हो गई। मौत का कारण कोई हादसा या बीमारी नहीं बल्कि उसके ही बेटे की बेरहमी बनी। बालोद जिले के पुरूर थाना क्षेत्र के ग्राम चंदनबिरी निवासी 68 वर्षीय लक्ष्मु सोरी की मौत ने सभी को स्तब्ध कर दिया है। जानकारी के मुताबिक देर रात घर में पारिवारिक विवाद हुआ जो इतना बढ़ा कि बेटा यशपाल सोरी जो शराब के नशे में था अपने पिता पर टूट पड़ा। उसने लात.घूंसों से इतनी बेरहमी से पिटाई की कि बुजुर्ग पिता अधमरा होकर बेहोश हो गए। गंभीर हालत में परिजनों ने लक्ष्मु सोरी को धमतरी जिला अस्पताल पहुंचाया लेकिन कई घंटों तक इलाज के बाद उनकी मौत हो गई। यह घटना बालोद जिले के पुरूर थाना अंतर्गत ग्राम चंदनबिरी की है जहां 68 वर्षीय लक्ष्मु सोरी को उनके ही बेटे यशपाल सोरी ने शराब के नशे में बेरहमी से पीट दिया। बताया जा रहा है कि आरोपी यशपाल का अपने पिता के साथ पहले भी विवाद होता रहा था और कई बार मारपीट भी हो चुकी थी। लेकिन इस बार विवाद इतना बढ़ा कि उसने लात.घूंसों से पिटाई कर पिता को अधमरा कर दिया।

    गंभीर हालत में परिजनों ने बुजुर्ग को धमतरी जिला अस्पताल पहुंचायाए जहां डॉक्टरों ने भरसक प्रयास किए लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। जिला अस्पताल प्रशासन ने बुजुर्ग के शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया। वहीं बालोद पुलिस ने आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल पुरूर थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है। इस वारदात ने एक बार फिर इंसानियत और रिश्तों पर सवाल खड़े कर दिए हैं जहां कलयुगी बेटे ने ही अपने पिता की जान ले ली।

  • CG : मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने बलरामपुर में विभिन्न संस्थाओं का किया निरीक्षण

    बाल गृह में बच्चों संग किया संवाद, वृद्धाश्रम में बांटा अपनापन

    सखी सेंटर में महिलाओं की सुरक्षा पर दिया जोर, नशामुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण

    रायपुर,

    सखी सेंटर में महिलाओं की सुरक्षा पर दिया जोर, नशामुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण
    सखी सेंटर में महिलाओं की सुरक्षा पर दिया जोर, नशामुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण

    महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के प्रवास के दौरान विभिन्न संस्थाओं का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मंत्री ने बाल गृह, वृद्धाश्रम, सखी सेंटर और नशामुक्ति केंद्र का दौरा कर बच्चों, महिलाओं और वृद्धजनों से आत्मीय मुलाकात की तथा अधिकारियों को संस्थानों की व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।

    सखी सेंटर में महिलाओं की सुरक्षा पर दिया जोर, नशामुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण

    मंत्री राजवाड़े ने बालगृह में बच्चों से बातचीत कर उनका हालचाल जाना। बच्चों ने पढ़ाई और खेलों से जुड़े सवालों के उत्साहपूर्वक जवाब दिए तथा सूर्य नमस्कार का प्रदर्शन भी किया। मंत्री ने बच्चों को मन लगाकर पढ़ाई करने और खेलकूद में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने बच्चों के कक्ष, रसोई और स्वास्थ्य-देखभाल संबंधी व्यवस्थाओं का अवलोकन कर सुधारात्मक सुझाव दिए।

    सखी सेंटर में महिलाओं की सुरक्षा पर दिया जोर, नशामुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण

    वृद्धाश्रम पहुंचकर मंत्री राजवाड़े ने वहां आश्रित बुजुर्गों से आत्मीयता से भेंट की और उनके खानपान व स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि वृद्धजनों की देखभाल परिवारिक वातावरण में हो, इसके लिए संस्थान को हरसंभव प्रयास करने चाहिए। सखी सेंटर में मंत्री राजवाड़े ने महिलाओं को आपातकालीन सहायता, हिंसा से सुरक्षा और त्वरित मदद की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने कर्मचारियों से संवाद कर सेंटर की गतिविधियों की विस्तृत जानकारी ली।

    सखी सेंटर में महिलाओं की सुरक्षा पर दिया जोर, नशामुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण

    नशामुक्ति केंद्र में नशा पीडि़तों से मिलकर मंत्री ने उनके स्वास्थ्य और पुनर्वास की स्थिति जानी। पीडि़तों ने बताया कि केंद्र में आकर उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है। राजवाड़े ने उन्हें योग और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने की सलाह देते हुए कहा कि नशा छोड़कर स्वरोजगार की दिशा में बढ़ें और समाज में सम्मानपूर्वक जीवन व्यतीत करें। निरीक्षण के दौरान समाज कल्याण विभाग  की संचालक रोक्तिमा यादव, कलेक्टर राजेन्द्र कटारा, पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर रमनलाल, अपर कलेक्टर अभिषेक गुप्ता सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।

  • CG : स्कूल के फर्नीचर बेचने वाले प्राचार्य पर जिला प्रशासन सख्त,निलंबन का प्रस्ताव शासन को प्रेषित

    रायपुर, स्कूल के फर्नीचर को निजी स्कूलों को विक्रय करने के मामले को बलौदाबाजार कलेक्टर दीपक सोनी ने गंभीरतापूर्वक लेते हुए जांच में तथ्य पाए जाने पर शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय टुण्डरा के प्रभारी प्राचार्य रमेश बंजारे के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही के निर्देश दिये। निर्देशानुसार जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा प्रभारी प्राचार्य रमेश बंजारे पर निलंबन की कार्यवाही हेतु प्रस्ताव शासन को प्रेषित किया गया।

    जिला शिक्षा अधिकारी से प्राप्त जानकारी के अनुसार टुण्डरा नगरवासियो द्वारा शासकीय शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय टुण्डरा के प्रभारी प्राचार्य रमेश बंजारे एवं शाला प्रबंधन एवं विकास समिति की सहमति से स्कूल के फर्नीचर को निजी विद्यालयों को बेच देने के सम्बन्ध में शिकायत13 सितम्बर 2025 शनिवार को प्राप्त हुई। शिकायत की जांच हेतु टीम गठित किया गया जिसमें तहसीलदार  टुण्डरा,विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी कसडोल, सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी कसडोल विकासखंड स्रोत समन्वयक संकुल समन्वयक के द्वारा शनिवार को ही स्थल पर जाकर मौक़ा जांच किया गया।

    जांच में पाया गया कि 8 सितम्बर 2025 को शासकीय शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय टुण्डरा के शाला प्रबंधन एवं विकास समिति के पदाधिकारियों द्वारा पुराना जर्ज़र भवन को डिसमेन्टल कराए जाने हेतु वहां रखे  कबाड़ एवं अनुपयोगी सामान को बेचने एवं प्राप्त राशि को शाला विकास समिति की खाते में जमा करने का निर्णय लिया गया।

    शाला के प्रभारी  प्राचार्य बंजारे  द्वारा उक्त निर्णय के आधार पर टुण्डरा नगर के ज्ञान अमृत विद्यालय को 67 नग टेबल -चेयर एवं धविका पब्लिक स्कूल शिवरीनारायण को 40 नग टेबल -चेयर को कबाड़ मानकर उपयोगी फर्नीचर को बेच दिया गया। दोनों विद्यालय को बेचे गये फर्नीचर को शनिवार को लगभग 3 बजे शासकीय शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय टुण्डरा के गेट पर नगरवासियों द्वारा रोका गया जिस पर भौतिक सत्यपन कराया गया। सत्यापन में शिकायत की सत्यता की पुष्टि हुई ।जांच दल द्वारा शिकायतकर्ताओ के समक्ष 3 पिकअप में लाए गए फर्नीचर की शासकीय शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय टुण्डरा के एक क़क्ष में सुरक्षित सीलबंद किया गया एवं पंचनामा तैयार कर ताले की चाबी जांच दल द्वारा अपने कब्जे में लिया गया है।

    जांच दल द्वारा शाला प्रबंधन समिति एवं प्रभारी प्राचार्य रमेश बंजारे द्वारा कबाड़ मानकर बेचे गये सभी फर्नीचर को सही स्थिति एवं उपयोग के योग्य पाया गया।जांच दल द्वारा प्रभारी प्राचार्य को कबाड़ के रूप में बेचे गये फर्नीचर अनुपयोगी सामग्री निस्तारण में किसी भी प्रकार के आपलेखन नियम प्रक्रिया का पालन करना नहीं पाया गया और न ही अपलेखन के पूर्व उच्च कार्यालय से अनुमति प्राप्त किया गया। इस प्रकार प्रभारी प्राचार्य रमेश बंजारे के द्वारा अपने पदीय दायित्वों के प्रति घोर लापरवाही बरती गई है जो कि सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के विपरीत है।

  • CG : माता.पिता ने मोबाइल चलाने से मना किया तो बेटी ने आत्महत्या करने का प्रयास किया

    सूरजपुर। आज के समय में मोबाइल हर किसी की जरूरत बन चुका है लेकिन जब यह जरूरत से ज्यादा लत में बदल जाती है तो यह जानलेवा भी बन सकती है। कुछ ऐसा ही मामला सूरजपुर के डुमरिया गांव में सामने आया जहां 15 वर्षीय दसवीं कक्षा की छात्रा को उसके माता.पिता ने मोबाइल का ज्यादा इस्तेमाल करने से मना किया तो उसने जहर खाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया।

    हालांकि समय रहते उसे अस्पताल ले जाया गया और डॉक्टरों के इलाज के बाद अब उसकी स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है। यह पूरा मामला डुमरिया गांव का है जहां दसवीं कक्षा में पढ़ने वाली छात्रा को उसके माता.पिता ने मोबाइल के अत्यधिक उपयोग को लेकर चेतावनी दी। इसके बाद उसने घर में रखे कीटनाशक पदार्थ को पीकर आत्महत्या करने की कोशिश की। जैसे ही उसके परिजनों को इस बात का पता चला वे उसे तुरंत जिला अस्पताल सूरजपुर लेकर पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने त्वरित इलाज शुरू किया और अब छात्रा की स्थिति स्थिर बताई जा रही है। यह घटना समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है जो यह दर्शाती है कि बच्चों में मोबाइल की आदत किस तरह मानसिक तनाव और आत्मघाती कदमों तक ले जा सकती है।

  • CG : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने की सामुदायिक पर्यटन की नई पहल

    जशपुर के पाँच ग्रामों में होम-स्टे की शुरुआत, स्थानीय संस्कृति और परंपराओं को मिलेगा वैश्विक मंच

    रायपुर,

    जशपुर के पाँच ग्रामों में होम-स्टे की शुरुआत, स्थानीय संस्कृति और परंपराओं को मिलेगा वैश्विक मंच

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज जशपुर जिले में सामुदायिक पर्यटन की एक नई पहल की शुरुआत की। मुख्यमंत्री ने कैंप कार्यालय से जशपुर के पाँच ग्रामों-देओबोरा, केरे, दनगरी, छिछली और घोघरा में होम-स्टे योजना का शुभारंभ किया। इस अवसर पर झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार पर्यटन क्षेत्र को एक उद्योग के रूप में विकसित करने के लिए कृत संकल्पित है। होम-स्टे नीति न केवल पर्यटन को नई पहचान देगी, बल्कि स्थानीय युवाओं और समुदायों के लिए रोजगार और उद्यमशीलता के अवसर भी प्रदान करेगी। उन्होंने बताया कि आदिवासी संस्कृति, परंपराएँ, खान-पान और जीवन शैली को लेकर अन्य प्रदेशों और देशों के लोगों में गहरी जिज्ञासा रहती है। होम-स्टे के माध्यम से पर्यटकों को सीधे गाँवों में रहकर स्थानीय संस्कृति, पूजन पद्धति और सादगी का अनुभव करने का अवसर मिलेगा, जो उनके लिए अविस्मरणीय साबित होगा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि यह पहल जशपुर को न केवल पर्यटन के नक्शे पर एक नई पहचान दिलाएगी, बल्कि स्थानीय संस्कृति और समुदाय को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

    इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रशिक्षण प्राप्त पर्यटन मित्रों को प्रमाण पत्र वितरित किए। यह प्रशिक्षण सामुदायिक पर्यटन और होम-स्टे विकास पर आधारित था, जिससे संबंधित ग्रामों को इको-टूरिज्म गंतव्य के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी।

    कार्यक्रम में विधायक रायमुनी भगत ने कहा कि जशपुर का मकरभंजा जलप्रपात छत्तीसगढ़ का सबसे ऊँचें जलप्रपात में से एक है, और इसके साथ जिले के अनेक झरने व दर्शनीय स्थल जशपुर को पर्यटन की दृष्टि से अनोखा बनाते हैं। विधायक गोमती साय ने कहा कि जशपुर प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर है और यहाँ आने वाले पर्यटक जीवनभर इस जगह की यादों को संजोए रखते हैं। 

    कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, कलेक्टर रोहित व्यास, पुलिस अधीक्षक शशिमोहन सिंह, जिला पंचायत सीईओ अभिषेक कुमार, डिप्टी कलेक्टर समीर बड़ा सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीण उपस्थित रहे।

  • CG : प्रकृति और संस्कृति का संगम है जशपुर : मुख्यमंत्री

    मुख्यमंत्री ने कैम्प कार्यालय बगिया में ’जशपुर पर्यटन एवं कृषि क्रांति’ का किया शुभारंभ

    जशपुर जम्बूरी से जिले के पर्यटन को मिल रही नयी पहचान, नए सीजन का आयोजन 06 से 09 नवंबर तक

    रायपुर,

    मुख्यमंत्री ने कैम्प कार्यालय बगिया में ’जशपुर पर्यटन एवं कृषि क्रांति’ का किया शुभारंभ

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज रविवार को मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय बगिया में पर्यटन एवं कृषि क्रांति का शुभारंभ किया। जशपुर पर्यटन एवं कृषि क्रांति इको टूरिज्म और होमस्टे से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदम जशपुर के स्व सहायता समूह और किसानों को  इसका प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। इस अवसर पर झारखंड सरकार के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा, सरगुजा आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष और पत्थलगांव विधायक गोमती साय, जशपुर विधायक रायमुनि भगत, जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, कलेक्टर रोहित व्यास, एस एस पी शशि मोहन सिंह, जिला पंचायत सीईओ अभिषेक कुमार, सुनील गुप्ता, मुकेश शर्मा सहित जनप्रतिनिधिगण और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित थे।

    मुख्यमंत्री ने कैम्प कार्यालय बगिया में ’जशपुर पर्यटन एवं कृषि क्रांति’ का किया शुभारंभ

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रविवार को मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय जशपुर में आयोजित कार्यकम को सम्बोधित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ विकास के क्षेत्र में निरंतर आगे बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आव्हान पर सबका साथ सबका विकास को चरितार्थ किया जा रहा हैं। मुख्यमंत्री ने जशपुर जिले में पर्यटन के क्षेत्र में कार्य करने वाले स्व सहायता समूह और युवाओं को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित भी किया।

    मुख्यमंत्री ने कैम्प कार्यालय बगिया में ’जशपुर पर्यटन एवं कृषि क्रांति’ का किया शुभारंभ

    मुख्यमंत्री ने कहा कि नए दायित्वों और जिम्मेदारियों की वजह से अब ज्यादातर समय मुझे जशपुर से बाहर रहना पड़ता है, लेकिन जशपुर निरंतर आता रहूंगा और विकास के क्षेत्र में बेहतर कार्य करते रहेंगे।

    उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद जशपुर जम्बूरी के जरिए जशपुर को पर्यटन के नक्शे पर नयी पहचान दिलाने की पहल की गई है। वर्ष 2024 में हुए जशपुर जम्बूरी में हमारे पड़ोसी राज्यों से भी बड़ी संख्या में लोग हिस्सा लेने और उस अवसर का गवाह बनने पहुँचे। जशपुर जम्बूरी में न सिर्फ ईको-टूरिज्म और एडवेंचर स्पोर्ट के लिए लोगों ने नया महौल दिया, बल्कि जनजातीय परम्पराओं से भी रूबरू कराया गया। मुख्यमंत्री गाइड्स को रोजगार मिला। 

    मुख्यमंत्री ने कहा कि एक बार फिर जशपुर जम्बूरी के नए सीजन का आयोजन होने जा रहा है। जिसमें आगामी 6 से 9 नवम्बर तक देश, दुनिया के लोग यहाँ पहुँचकर रोमांच, कला और सामुदायिक अनुभवों से परिचित हो पाएँगे। जशपुर की मिट्टी की खुशबू को जीवंत करने के लिए कर्मा, सरहुल जैसे जनजातीय नृत्य के साथ गोदना कला, काष्ट शिल्प और लौह शिल्प जैसे हस्तशिल्प की प्रदर्शनी और लोकनाट्य पर आधारित सांस्कृतिक संध्या आयोजित की जाएगी। इससे न केवल हमारी सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण और प्रसार होगा, बल्कि स्थानीय कला और हस्तशिल्प को वैश्विक पहचान भी मिलेगी। जशपुर जम्बूरी एक ऐसा उत्सव है जो प्रकृति, संस्कृति और विकास को एक सूत्र में पिरोता है। यह आयोजन जशपुर की प्राकृतिक सुंदरता, जनजातीय विरासत और आधुनिक विकास को एक साथ पेश करता है। जशपुर जंबूरी केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि आर्थिक सशक्तीकरण का माध्यम भी है। 

    उन्होंने कहा कि स्वदेश दर्शन योजना के तहत मयाली नेचर कैंप में बोटिंग, कैक्टस गार्डन और टेंट सुविधाएँ जोड़ी गई हैं। यहाँ के पर्यटक स्थल अब बेहतर सुविधाओं से सजे हैं, मयाली में सबसे बड़े प्राकृतिक शिवलिंग मधेश्वर पहाड़ को गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया गया है जो जशपुर को आध्यात्मिक और सांस्कृतिक केंद्र के रूप में स्थापित कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम टूरिज्म सेक्टर को एक उद्योग के रूप में देख रहे हैं, जिससे स्थानीय उद्यमशीलता बढ़ेगी। राज्य में होम-स्टे नीति लागू की है ताकि पर्यटक जनजातीय संस्कृति को जानना-समझना चाहते हैं। उनके भीतर आदिवासी संस्कृति, परम्पराओं, उनके खान-पान, रहन-सहन को लेकर एक जिज्ञासा और उत्सुकता रहती है। ऐसे में होम-स्टे छत्तीसगढ़ के आदिवासी क्षेत्रों में विकास की नयी अवधारणा है, जिसमें स्थानीय समुदायों को रोजगार के बेहतर अवसर मिल रहा है। इससे पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। जशपुर जम्बूरी जैसे उत्सव से स्थानीय होम-स्टे, गाइड्स और शिल्पकारों को सीधा लाभ होगा। उन्होंने कहा कि जशपुर जम्बूरी को एक वार्षिक महोत्सव के रूप में स्थापित करना चाहते हैं, जिसमें अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों के लिए भी जशपुर आकर्षण का बड़ा केन्द्र बन पाए। जीआईएस (GIS) मैपिंग और डिजिटल मार्केटिंग से जशपुर की पहुँच बढ़ेगी।   यहाँ युवाओं और पर्यटन से जुड़े सभी लोगों को ट्रेनिंग दी जाएगी, ताकि वे वैश्विक मानकों पर खरे उतर सकें। 

    कार्यकम में सरगुजा आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष और पत्थलगांव विधायक श्रीमती गोमती साय, जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनि भगत और जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय ने भी संबोधित किया और जशपुर के विकास, पर्यटन के क्षेत्र और कृषि क्रांति की विस्तार से जानकारी दी।     

    दूसरी जम्बूरी 6 से 9 नवम्बर तक, पहली 2024 में हुई

    जशपुर जम्बूरी जशपुर की वादियों और झरनों के बीच हर साल एक ऐसा उत्सव मनाया जाता है, जो केवल एक कार्यक्रम नहीं बल्कि इस जिले की आत्मा का अनुभव है। जशपुर जम्बूरी ने 2024 में अपनी शानदार शुरुआत की और अब 2025 में एक और भव्य रूप में लौट रहा है।

    2024 में आयोजित पहली जशपुर जम्बूरी ने रोमांच, संस्कृति और समुदाय का ऐसा संगम पेश किया, जिसने देशभर से प्रतिभागियों को आकर्षित किया। झारखंड, ओडिशा, रायपुर और छत्तीसगढ़ के कई जिलों से आए लोगों ने इस उत्सव में हिस्सा लिया। प्रतिभागियों ने रानी दाह, टी-गार्डन और जशपुर संग्रहालय जैसे स्थलों की सैर कर इतिहास और संस्कृति को करीब से महसूस किया। फ़ूड लैब ने स्थानीय व्यंजनों को आधुनिक रूप में प्रस्तुत कर सबका दिल जीता। सरहुल और कर्मा नृत्य की प्रस्तुतियों ने जनजातीय परंपराओं की गहराई दिखाई। चार दिन रोमांचक गतिविधियों, सांस्कृतिक रंग और सामुदायिक मेलजोल के नाम रहे। इस आयोजन ने जशपुर को ईको-टूरिज़्म और एडवेंचर स्पोर्ट्स का नया गंतव्य बना दिया।

    दूसरी जशपुर जम्बूरी 2025 नये अनुभवों की ओर अब यह उत्सव और बड़े स्वरूप में वापस आ रहा है। 6 नवम्बर से 9 नवम्बर 2025 तक आयोजित होने वाला जशपुर जम्बूरी 2025 रोमांच, कला और सामुदायिक अनुभवों को और भी समृद्ध करेगा। रोमांचक-रॉक क्लाइम्बिंग, रैपलिंग, ज़िपलाइन, ट्रेकिंग, मयाली डैम पर वॉटर स्पोर्ट्स, पैरामोटर और हॉट एयर बलून से माधेश्वर पहाड़ों के दृश्य देखे जा सकेंगे। जनजातीय नृत्य (कर्मा, सरहुल), लोक संगीत, हस्तशिल्प कार्यशालाएँ (मिट्टी, बाँस, गोंदना कला, लकड़ी व लोहे की कारीगरी), लोकनाट्य और स्थानीय व्यंजन का भी अनुभव मिलेगा। उन्होंने बताया कि पारंपरिक खेल, टीम-बिल्डिंग गतिविधियाँ और तारों भरे आसमान के नीचे अलाव की गर्माहट से लोगों के मन में आनंद की अनुभूति होगी। जशपुर जम्बूरी 2025 का उद्देश्य है प्रतिभागियों को प्रकृति, परंपरा और समुदाय की उस धारा से जोड़ना, जहाँ हर पल एक नई कहानी कहता है। कार्यकम में आभार व्यक्त डिप्टी कलेक्टर समीर बड़ा ने किया।

  • CG : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से 26 अग्निवीरों ने की सौजन्य मुलाकात

    प्रदेश के युवाओं के लिए प्रेरणा बनेगी आपकी सफलता : मुख्यमंत्री साय

    रायपुर, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से आज बलरामपुर जिले के चयनित 26 अग्निवीरों ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने सभी युवाओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार, गांव और जिले के लिए गौरव की बात है, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ राज्य के लिए गर्व का विषय है।

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि अग्निवीर योजना युवाओं को सेना में शामिल होकर देशसेवा का सुनहरा अवसर प्रदान कर रही है। उन्होंने चयनित युवाओं को बधाई देते हुए कहा कि अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और देशप्रेम की भावना से ही सफलता की नई ऊँचाइयाँ प्राप्त की जा सकती हैं। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि सेना में शामिल होकर ये युवा सीमाओं की रक्षा करेंगे और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेंगे।

    इस अवसर पर बलरामपुर जिले के चयनित अग्निवीरों में पिंकू पैकरा, जिन्दल, विकाश पैकरा, प्रकाश सिंह, खेल साय, आर्यन, देव नंन्दन पन्ना, नरेन्द्र यादव, रंजीत केरकेट्टा, रमेश पैकरा, प्रियांशु, सनोज, निकिता नरसिंह, शशि किरण, सोहन लाल, महेन्द्र पैकरा, मिथलेश पैकरा, छोंटू, बज्जू पैकरा, पंकज, विवेक पैकरा, विधायक पैकरा, किशुन पैकरा, सोभनाथ पैकरा, अमित कुजूर और एंजेल लकड़ा शामिल रहे।

    मुख्यमंत्री ने अतिथि शिक्षक सुदर्शन यादव और उनकी टीम के निःशुल्क सेना भर्ती प्रशिक्षण के उल्लेखनीय प्रयासों की भी सराहना की। उनके प्रशिक्षण से लाभान्वित 30 युवाओं में से 26 युवा अग्निवीर भर्ती में चयनित हुए हैं।

  • CG : जशपुर में कृषि क्रांति लाने मुख्यमंत्री ने किसान कॉल सेंटर का किया शुभारम्भ

    क्यू आर कोड स्कैन कर किसान सीधे बेच सकेंगे अपनी फसल बिचौलियों से मिलेगी निजात

    रायपुर,

    जशपुर में कृषि क्रांति लाने मुख्यमंत्री ने किसान कॉल सेंटर का किया शुभारम्भ

    जिले के किसानों के हित में चलाई जाने वाले कृषि क्रांति अभियान अंतर्गत आज किसान कॉल सेंटर एग्रीबिड और बाजार व्यवस्था को सरल बनाने के उद्देश्य से क्यू आर कोड आधारित जी कॉम इंडिया का शुभारंभ मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा अपने बगिया स्थित निज निवास कार्यालय से किया गया। इस कार्यक्रम में पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा, सरगुजा क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष गोमती साय, विधायक जशपुर रायमुनी भगत, जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय एवं अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

    क्यू आर कोड स्कैन कर किसान सीधे बेच सकेंगे अपनी फसल बिचौलियों से मिलेगी निजात
  • CG : नई दिल्ली में दो दिवसीय ‘राष्ट्रीय कृषि सम्मेलन 15 और 16 सितंबर को

    छत्तीसगढ़ के कृषि मंत्री रामविचार नेताम होंगे शामिल 

    रायपुर, नई दिल्ली के पूसा स्थित भारत रत्न सी. सुब्रमण्यम सभागार में 15 और 16 सितंबर को दो दिवसीय ‘राष्ट्रीय कृषि सम्मेलन -‘रबी अभियान 2025‘ का आयोजन होगा। राष्ट्रीय स्तर के इस सम्मेलन में छत्तीसगढ़ के कृषि विकास एवं कल्याण मंत्री राम विचार नेताम शामिल होंगे। मंत्री नेताम इस मौके पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में किसानों के हित में लिए गए निर्णयों, नीतियों और विकास कार्यो के साथ-साथ केंद्र और राज्य सरकार द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति की जानकारी भी देगें। 

    इस सम्मेलन में देशभर के कृषि विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों, नीति-निर्धारकों और राज्यों के प्रतिनिधी शामिल होंगे। केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान की अध्यक्षता में होने वाले इस आयोजन में राज्यों के कृषि मंत्री, आईसीएआर के महानिदेशक, कृषि विज्ञान केंद्रों के वैज्ञानिक और वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। 

  • CG : धरमजयगढ़ में ₹2,57,660 नकद लूटकर फरार , एक्टिवा छोड़कर भागे तीन बदमाश…

    रायगढ़ । रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र में शनिवार शाम बड़ी लूट की वारदात सामने आई। एमएम फिश कंपनी के ड्राइवर से तीन बदमाशों ने ₹2,57,660 नकद लूटकर फरार हो गए। घटना से इलाके में सनसनी फैल गई है।

    ऐसे हुई वारदात
    जानकारी के अनुसार, माजदा वाहन चालक मोहम्मद रफीक मछली सप्लाई करने के बाद रुपए कलेक्शन कर बिलासपुर लौट रहा था। तभी खड़गांव और सिथरा के बीच एक्टिवा में सवार तीन बदमाशों ने उसका रास्ता रोका। आरोपियों ने रफीक को डराया-धमकाया और बैग में रखी नकदी लूटकर भाग निकले।

    ग्रामीणों की सतर्कता
    घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और भीड़ जुट गई। पकड़े जाने के डर से बदमाश अपनी एक्टिवा छोड़कर जंगल की ओर फरार हो गए। बताया जा रहा है कि स्कूटर की नंबर प्लेट को उन्होंने पहले ही ढक रखा था।

    पुलिस की जांच
    सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और एक्टिवा को जब्त कर लिया। बदमाशों की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया गया है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।