• CMRs टीम का सरप्राइज निरीक्षण, भोपाल मेट्रो की फाइनल टेस्टिंग में बड़ा अपडेट

    भोपाल
    भोपाल में मेट्रो संचालन से पहले सुरक्षा की अंतिम परीक्षा गुरुवार से शुरू हो गई है। दिल्ली से अचानक पहुंची कमिश्नर मेट्रो रेल सेफ्टी (सीएमआरएस) की टीम ने सुबह सुभाष नगर मेट्रो डिपो पहुंचकर निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने डिपो में ट्रेन संचालन, सुरक्षा प्रोटोकाल और तकनीकी व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की। इसके बाद दोपहर एक बजे टीम ने ट्रैक कार से मेट्रो ट्रैक का निरीक्षण किया। यह निरीक्षण भोपाल मेट्रो की अंतिम परीक्षा का तीसरा पड़ाव है।

    इस पड़ाव को पार करने के बाद सीएमआरएस की टीम ओके टू रन यानी संचालन की रिपोर्ट देगा। इसके बाद शासन तय करेगा कि भोपाल मेट्रो को कब शुरू किया जाना है। माना जा रहा है कि लगातार देरी के कारण हो रही आनन-फानन में सीएमआरएस टीम का निरीक्षण शुरू हो रहा है ताकि मेट्रो का संचालन जल्द से जल्द हो। हालांकि अधूरी तैयारियों व काम के बीच यह जल्दबाजी कहीं आमजन पर भारी न पड़ जाए।
     
    मेट्रो के लिए अंतिम परीक्षा
    गौरतलब है कि सीएमआरएस का भोपाल मेट्रो का यह तीसरा निरीक्षण है। इससे पहले दो बार टीम निरीक्षण कर चुकी है, लेकिन कुछ तकनीकी कमियों के कारण संचालन की अनुमति नहीं मिल सकी थी। मेट्रो प्रबंधन के अनुसार यदि इस बार सभी मानक सही पाए गए तो भोपाल मेट्रो को ओके टू रन रिपोर्ट मिल जाएगी।

    अन्यथा संचालन की तारीख एक बार फिर आगे बढ़ सकती है। हालांकि ऐसी उम्मीद कम है। यह निरीक्षण मेट्रो के लिए अंतिम परीक्षा माना जा रहा है। उधर, मेट्रो कंपनी के एमडी एस. कृष्ण चैतन्य मेट्रो संचालन में हो रही देरी पर कुछ भी कहने से बच रहे हैं। उन्होंने पूरी तरह इस मामले में चुप्पी साध रखी है।

    सुभाष नगर एम्स तक देखी संचालन व्यवस्था
    निरीक्षण के दौरान सुभाष नगर डिपो के पास टीम केंद्रीय विद्यालय (केवी) मेट्रो स्टेशन पर पांच मिनट रुकी और सुरक्षा मानकों का मूल्यांकन किया। इसके बाद वे बोर्ड ऑफिस मेट्रो स्टेशन पर करीब आधा घंटा रुके। यहां से एम्स मेट्रो स्टेशन तक टीम ने पहुंचकर ट्रैक की तकनीकी खामियों और संचालन व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान कमिश्नर नीलाभ्र सेनगुप्ता भी टीम के साथ मौजूद रहे।

    आज से होगी आठ मेट्रो स्टेशन की जांच
    तीन दिवसीय इस दौरे में सीएमआरएस टीम 15 नवंबर तक पूरे प्रायोरिटी कॉरिडोर की जांच करेगी। शुक्रवार को टीम आठ मेट्रो स्टेशनों का निरीक्षण करेगी, जबकि 15 नवंबर को प्रोजेक्ट से जुड़ी फाइलों की परखा जाएगा।

  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहर गोपाल मंदिर का किया औचक निरीक्षण

    मुख्यमंत्री ने जीर्णोद्धार और विकास कार्यों का लिया जायजा
    मंदिर परिसर में नवनिर्मित सभागृह बनेगा गीता भवन
    एक दिसम्बर को गीता जयंती पर नवनिर्मित सभागृह किया जाएगा लोकार्पित

    भोपाल
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को इंदौर के ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहर गोपाल मंदिर का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने मंदिर में पूजा-अर्चना भी की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव विकास कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि मंदिर परिसर में नवनिर्मित सभागृह को “गीता भवन” के रूप में विकसित किया गया है। गीता जयंती के अवसर पर इसे एक दिसंबर को जनता को समर्पित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह सभागृह 500 सीट का रहेगा। इसमें सभी अत्याधुनिक सुविधाएं रहेंगी। यह सभागृह धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व का केन्द्र बनेगा।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गोपाल मंदिर में बच्चों को स्नेहपूर्वक दुलार किया और आसपास के दुकानदारों से भी चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पूरे मंदिर परिसर में चल रहे विकास कार्यों और जीर्णोद्धार के कार्यों को देखा। उन्होंने निर्देश दिए कि मंदिर को अपने प्राचीन तथा गौरवशाली स्वरूप में पुनर्स्थापित किया जाए।   मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश शासन द्वारा निर्णय लिया गया है कि गीता जयंती पर पूरे मध्यप्रदेश में विविध कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। हर जिले में गीता भवन विकसित किए जाएंगे ताकि धार्मिक, सांस्कृतिक और अध्यात्मिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सके।

    निरीक्षण के दौरान जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट, विधायक श्रीमती मालिनी लक्ष्मण सिंह गौड़, पुलिस कमिश्नर श्री संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर श्री शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री दिलीप कुमार यादव, स्मार्ट सिटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अर्थ जैन एवं श्री सुमित मिश्रा सहित अन्य जनप्रतिनिधि शामिल थे।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव का लाड़ली बहनों और स्वच्छता दीदियों ने जताया आभार
     मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का शुक्रवार को इंदौर में लाड़ली बहनों और स्वच्छता दीदियों ने पुष्प-गुच्छ और पुष्प-मालाओं से स्वागत किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का लाड़ली बहनों ने उन्हें हर माह 1500 रुपये दिए जाने और स्वच्छता दीदियों के लिए नगर निगम के माध्यम से अनेक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आभार जताया। इस अवसर पर जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट, विधायक श्रीमती मालिनी लक्ष्मण सिंह गौड़, पुलिस कमिश्नर श्री संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर श्री शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री दिलीप कुमार यादव, अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर श्री अमित सिंह, श्री सुमित मिश्रा, अपर आयुक्त नगर निगम श्री रोहित सिसोनिया एवं श्री सुमित मिश्रा सहित अन्य अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद थे।

    इंदौर के प्रसिद्ध पोहे का लिया आनंद
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर के राजवाड़ा के एक रेस्टोरेंट में मौजूद लोगों से चर्चा की। उन्होंने इंदौर के प्रसिद्ध पोहे का आनंद भी लिया।

  • प्रदेश में जुआ फड़ पर प्रभावी कार्रवाई – 12 दिनों में 1 करोड़ से अधिक की जब्ती

    भोपाल
    मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा अवैध गतिविधियों, जुआ-सट्टा, नशीले पदार्थों, फर्जी लेन-देन और संगठित अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत इस माह के शुरुआती 10 दिनों में प्रदेशभर से एक करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की नगदी, वाहन, मोबाइल फोन और अन्य संपत्तियाँ जब्त की गई हैं।

    इसी क्रम में छिंदवाड़ा जिले में की गई कार्रवाई महत्वपूर्ण रही। 12 नवंबर 2025 को मिली विश्वसनीय सूचना के आधार पर थाना बिछुआ पुलिस ने ग्राम गुलसी के जंगल में चल रहे जुआ फड़ पर दबिश दी। मौके पर 52 पत्तों के माध्यम से दांव लगाते 15 लोगों को घेराबंदी कर गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई में कुल 70 लाख 93 हजार 900 रुपये मूल्य की संपत्ति जब्त की गई, जिसमें 43 हजार 900 रुपये नगद, लगभग ढाई लाख रुपये कीमत के 15 एंड्रॉयड मोबाइल तथा करीब 68 लाख रुपये मूल्य की नौ चार पहिया गाड़ियाँ शामिल हैं।

    गिरफ्तार आरोपियों में अधिकांश पांढुर्ना, सौंसर और छिंदवाड़ा के निवासी हैं, जबकि कुछ आरोपियों का संबंध महाराष्ट्र के अमरावती और नागपुर जिलों से है। जंगल क्षेत्र में लंबे समय से सक्रिय यह जुआ फड़ आसपास के क्षेत्रों में अवैध गतिविधियों का केंद्र बना हुआ था। इस कार्रवाई से ऐसे तत्त्वों पर प्रभावी रोक लगी है। सभी आरोपियों के विरुद्ध जुआ अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।

    मध्यप्रदेश पुलिस प्रदेश में अवैध जुआ-सट्टा और संगठित अपराधों पर नियंत्रण बनाने की दिशा में लगातार कार्रवाई कर रही है। कानून-व्यवस्था को मजबूत रखने और नागरिकों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।

  • आदि शंकराचार्य गुरूकुलम् विद्यालय एक आदर्श अद्भुत संस्थान होगा : स्कूल शिक्षा मंत्री सिंह

    गाडरवारा के ग्राम पतलोन में गुरूकुलम् के नवीन भवन का भूमिपूजन

    भोपाल 
    स्कूल शिक्षा मंत्री श्री उदय प्रताप सिंह ने कहा है कि नरसिंहपुर जिले के गाडरवारा के पतलोन में बनने वाला आदि शंकराचार्य गुरूकुलम् विद्यालय एक आदर्श अद्भुत संस्थान होगा। यह संस्थान जिले में नई शिक्षा नीति के सभी उद्देश्यों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि 20 करोड़ रूपये की राशि से बनने वाले विद्यालय में निशुल्क छात्रावास की भी सुविधा रहेगी। स्कूल शिक्षा मंत्री श्री सिंह गुरूवार को विद्यालय के भूमिपूजन कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।

    स्कूल शिक्षा मंत्री श्री सिंह ने कहा कि विद्यालय में कक्षा 6 से 12वीं तक के विद्यार्थियों को संस्कृत भाषा के साथ अन्यों विषयों की शिक्षा भी दी जायेगी। विद्यालय में विज्ञान प्रयोग शाला, स्मार्ट क्लास के साथ सभी आधुनिक सुविधाएं रहेंगी। कार्यक्रम में पूर्व राज्यसभा सदस्य श्री कैलाश सोनी ने कहा कि ग्राम पतलोन में गुरूकुलम् के भूमिपूजन से सनातन की स्थापना के लिये बहुत बड़ा अनुष्ठान हुआ है। गुरूकुलम् के विद्यार्थी भविष्य में शास्त्री बनेंगे। प्रदेश में केवल 2 संस्कृत केन्द्रों की स्थापना होनी है, उनमें से एक ग्राम पतलोन में है। कार्यक्रम में स्कूल शिक्षा विभाग के महर्षि पतंजलि संस्कृत संस्थान भोपाल के निदेशक श्री रवीन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि यह विद्यालय संस्थान की मदद से खोला जा रहा है। कार्यक्रम को स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी संबोधित किया।

  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव जबलपुर में करेंगे भव्य राज्य स्तरीय समारोह का शुभारंभ

    जनजातीय प्रतिभाओं को करेंगे सम्मानित
    विकास कार्यों का होगा भूमि-पूजन, लोकार्पण

    भोपाल 
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जबलपुर में भगवान बिरसा मुंडा की जयंती पर जनजातीय गौरव दिवस का भव्य राज्य स्तरीय समारोह का शुभारंभ करेंगे। यहाँ जिलों से निकलने वाली जनजातीय गौरव रथ यात्राओं का समागम होगा। बड़ी संख्या में जनजातीय समुदायों के सदस्य पारंपरिक वेशभूषा और अपने पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ एकत्र होंगे। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी कार्यक्रम को गुजरात के नर्मदा जिले से संबोधित करेंगे और विकास परियोजनाओं का शुभारंभ करेंगे। सभी राज्य इस कार्यक्रम से जुड़ेंगे। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह, लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह सहित जनप्रतिनिधि एवं जनजातीय समुदाय के प्रतिनिधि विशेष रूप में उपस्थित रहेंगे।

    इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव जनजातीय गौरव को दर्शाने वाली प्रदर्शनी का शुभारंभ करेंगे। प्रदर्शनी भगवान बिरसा मुंडा के जीवन और योगदान पर आधारित है। जनजातीय महानायकों में रानी दुर्गावती, शंकर शाह, रघुनाथ शाह, टंट्या भील के जीवन और योगदान को भी दर्शाया जायेगा। मुख्यमंत्री इस अवसर पर जनजातीय धर्म गुरुओं का सम्मान करेंगे और उत्कृष्ट उपलब्धियां हासिल करने वाले जनजातीय समाज के सदस्यों को सम्मानित किया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय महिला क्रिकेट खिलाड़ी सुश्री क्रांति गौड़, राज्य सरकार के सहयोग से लंदन में पढ़ाई कर रहे श्री आसाराम पलवी और श्री रवि मेडा और लिसेस्टर विश्वविद्यालय में अध्ययन कर रहे का भी सम्मान होगा।

    कार्यक्रम में भारत सरकार तथा मध्यप्रदेश द्वारा जनजाति कल्याण की योजनाओं और उपलब्धियों को प्रदर्शित किया जाएगा। जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और महानायकों के प्रति सम्मान प्रदर्शन करते हुए उनसे संबंधित पोस्टर, डिजिटल विषय वस्तु प्रदर्शित किया जाएगा। जनजातीय व्यंजनों के स्टॉल लगाए जाएंगे। 'एक जिला-एक उत्पाद' योजना में कृषि एवं उद्यानिकी विभाग, आजीविका मिशन के स्टॉल, जनजातीय युवा उद्यमियों के स्टार्टअप, स्वास्थ्य परीक्षण शिविर, प्राकृतिक खेती, श्रीअन्न, पशुपालन, मत्स्य पालन, वनोपज का प्रदर्शन किया जाएगा। इसके अलावा बैगा, कोल, गोंड भारिया और सहरिया जनजाति के स्टाल भी लगाए जाएंगे।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव जनजातीय समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उपलब्धियां हासिल करने वाले प्रतिभाओं का सम्मान करेंगे। सम्मानित होने वालों में पद्मश्री श्री अर्जुन सिंह धुर्वे, पद्मश्री भज्जू सिंह श्याम, श्रीमती फुलझरिया बाई , श्रीमती उजियारो बाई, सुश्री रागिनी मार्को, सुश्री सुष्टि सिंह शामिल है। कक्षा 10 वीं और 12वीं के जनजाति छात्र-छात्राओं को शंकर शाह, रानी दुर्गावती मेधावी विद्यार्थी पुरस्कार के लिए सम्मानित किया जाएगा।

    मुख्यमंत्री करेंगे निर्माण कार्यों का भूमि पूजन, लोकार्पण
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव छिंदवाड़ा के हर्रई, खमारपानी और दमुआ में सांदीपनि विद्यालयों का लोकार्पण करेंगे। साथ ही जबलपुर की कुंइम तहसील में संयुक्त तहसील अनुभागीय अधिकारी कार्यालय का लोकार्पण करेंगे और 14 विभिन्न श्रेणी में विभागीय आवास का लोकार्पण करेंगे।

    मुख्यमंत्री जिन विकास कार्यों का भूमि पूजन करेंगे, उसमें 100 सीटर बालक एवं 100 सीटर बालिका छात्रावास भवन हर्रई जिला छिंदवाड़ा, 100 सीटर बालक एवं 100 सीटर बालिका छात्रावास भवन अमरवाड़ा जिला छिंदवाड़ा, 50 सीटर बालक एवं 50 सीटर बालिका छात्रावास भवन मलाजखंड जिला छिंदवाड़ा और 50 सीटर बालक एवं 50 लीटर बालिका छात्रावास भवन परसवाड़ा जिला छिंदवाड़ा और संभागीय कार्यालय भवन का निर्माण शामिल है।

    प्रतिभाएं होंगी सम्मानित

    डिंडोरी जिले के समनापुर विकासखंड के धुरकुटा गांव के पद्मश्री अर्जुन सिंह धुर्वे लोक गीतों और नृत्य को लोकप्रिय बनाने के लिए प्रसिद्ध है। डिंडोरी के करंजिया विकासखंड के पाटनगढ़ के पद्मश्री भज्जू सिंह श्याम गोंडी भित्ति चित्रकला के प्रचार-प्रसार और संरक्षण के लिए जनजातीय समुदाय में पारंपरिक रूप से प्रचलित चित्रकला को गांव-गांव और क्षेत्र से आगे बढ़ते हुए कैनवास पर गोंडी चित्रकला को नई पहचान दिलाई है।

    डिंडोरी के समनापुर विकासखंड के गौरा कन्हरी गांव की श्रीमती फुलझरिया बाई को देशज अनाज के बीजों के संग्रहण और उत्पादन में वृद्धि करने के लिए सम्मानित किया जाएगा। इसी विाकसखंड के इसी पौड़ी किवाड़ गांव की श्रीमती उजियारो भाई को जल संरक्षण के सराहनीय कार्य करने के लिए सम्मानित किया जाएगा। सुश्री रागिनी मार्को को 2023-24 में आर्चरी खेल में अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय स्तर पर उच्च प्रदर्शन के लिए विक्रम अवार्ड से सम्मानित किया गया। सुश्री सृष्टि सिंह को आर्चरी खेल में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ग्रैंड प्रिक्स भूटान में एक स्वर्ण पदक एवं आश्चर्य वर्ल्ड कप स्टेज 4 में भाग लिया। 

  • अंजनिया बायपास पर ट्रक हादसा: टायर फटने से उठी लपटें, धमाकों से दहशत में लोग

    मंडला
    मंडला से छत्तीसगढ़ नेशनल हाईवे 30के अंजनिया बाईपास पर शुक्रवार सुबह तड़के रायपुर से राजस्थान जा रहा जीआई तार के बंडल से लदा एक ट्रक क्रमांक आरजे 11 जीबी 6711 में अचानक आग लग गई और ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो गया।
    हादसे में ट्रक चालक और क्लीनर ने समय रहते कूदकर अपनी जान बचा ली। आग की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि ट्रक के टायर और डीजल टैंक फटने की तेज आवाजें हाइवे से सटे अंजनिया के रिहायशी इलाकों तक साफ सुनाई दीं। इस घटना के कारण नेशनल हाईवे पर करीब एक घंटे तक यातायात बाधित रहा।
     
    जानकारी अनुसार शुक्रवार तड़के एक ट्रक मंडला के अंजनिया बाईपास से गुजर रहा था, इसी दौरान अचानक उसके गुल्लक (ड्रॉप एक्सल) टायर फट गया, टायर फटने के बाद ट्रक अनियंत्रित होकर लगभग 200 मीटर दूर जाकर रुका और उसमें तुरंत आग लग गई। ट्रक में जीआई तार के बंडल लदे होने के कारण आग ने तेजी से पूरे वाहन को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे वह देखते ही देखते धूं-धूं कर जलने लगा।घटना की सूचना मिलते ही जिला मुख्यालय से दमकल वाहन को रवाना किया गया, जिसे घटना स्थल तक पहुंचने में लगभग 40 मिनट लगे।

    दमकल कर्मियों ने मौके पर पहुँचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस दौरान चौकी अंजनिया पुलिस मौके पर मौजूद रहीं और स्थिति को नियंत्रित करने में मदद की। ट्रक में आग लगने के कारण नेशनल हाईवे पर जबलपुर और रायपुर दोनों दिशाओं से आने वाले ट्रक, फोर-व्हीलर सहित अन्य छोटे वाहन जाम में फंस गए।

    यात्रियों को करीब एक घंटे तक इस परेशानी का सामना करना पड़ा। पुलिस बल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए यातायात को सुचारू करने का प्रयास किया और लगभग एक घंटे के बाद हाईवे पर यातायात सामान्य हो सका। फिलहाल आग लगने के कारणों की विस्तृत जांच की जा रही है।

  • बघेल का विवादित बयान: NDA की जीत का श्रेय मुख्य चुनाव आयुक्त को बताया

    रायपुर

    बिहार चुनाव में NDA की जीत तय मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तंज कसा है। उन्होंने कहा, गिनती पूरी नहीं हुई है। जो रिजल्ट है उसमें और ग्राउंड रिपोर्ट में कही मेल नहीं है, इसका श्रेय मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को जाता है, ऐसा करिश्मा केवल निर्वाचन आयोग कर सकता है। ग्राउंड रिपोर्ट बदलाव का था। अमित शाह के सभाओं में भी कुर्सियां खाली थी। साफ संकेत है कि हरियाणा, महाराष्ट्र में हुआ वही बिहार में हुआ है। जो महाराष्ट्र का स्ट्राइक था वहीं यहां भी दिख रहा है। बिना मैकेनिज्म के ये संभव नहीं है।

    छत्तीसगढ़ में कांग्रेस SIR का विरोध करेगी। इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, समय बढ़ाने की बात है। हम SIR का विरोध कर रहे हैं, क्योंकि आपको प्रूफ करना है कि आप मतदाता हैं। गरीब आदमी फोटो खिंचवाने और अन्य तरह के खर्चे कैसे करेगा। SIR के विरोध में छत्तीसगढ़ में क्या करना है ये पार्टी तय करेगी। यहां गरीब आदिवासियों के नाम कटेंगे। प्रदेश में अब तक नहीं खुले एक भी गौ अभ्यारण्य मामले में भूपेश बघेल ने कहा, विधानसभा में हर बार घोषणा करते हैं, 2 साल से सुन रहे हैं।

    बघेल ने कहा – गृहमंत्री के खिलाफ बोलते ही जब्त हो गई संपत्ति
    ED ने की चैतन्य बघेल की संपत्ति जब्त की है। इस पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सवाल खड़े किया है। बघेल ने कहा, एजेंसी स्वतंत्र नहीं है। बीजेपी एफिडेविट जमा करने कैसे कह सकती है? पैतृक संपत्ति को जब्त कर लिया है। अमित शाह के खिलाफ बोला, आतंकी घटना है ये मानने के लिए 48 घंटे लग गए। गृह मंत्री की लापरवाही है, ऐसा कहते ही संपत्ति जब्त हो गई। छत्तीसगढ़ का सब कुछ जब्त हो रहा है। हम आवाज उठाते हैं तो हमारी संपत्ति जब्त होती है। हजार साल पुराना नाट्य शाला है उस धरोवर को भी सुरक्षित नहीं रख पा रही है।

    मंत्री नेताम के बयान पर बघेल ने किया पलटवार
    कोचिया चलाते हैं कांग्रेस पार्टी। मंत्री रामविचार नेताम के बयान पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पटलवार किया है। उन्होंने कहा, रामविचार नेताम के जिले में धान कोचियाई का काम होता है। नकली होलोग्राम से शराब बिक्री इनके सरकार में हो रही है। हमारे बहाने मुख्यमंत्री पर रामविचार नेताम आरोप लगा रहे हैं।

  • बिहार चुनाव में MP BJP की धाक: CM मोहन यादव की कैंपेनिंग ने दिलाई 21 सीटों पर जीत

    भोपाल
    मध्य प्रदेश के भाजपा नेताओं ने फिर बिहार चुनाव में अपना संगठन कौशल दिखाया है। पार्टी ने मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा, संगठन महामंत्री हितानंद और प्रदेश प्रभारी डा. महेंद्र सिंह सहित अन्य नेताओं व कार्यकर्ताओं को बिहार भेजा था। इन्होंने सभा, रोड शो के साथ बूथ प्रबंधन किया। डा. मोहन यादव के प्रचार वाली 21 सीटें भाजपा (NDA) ने जीती हैं।

    वहीं, कांग्रेस ने पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह सहित OBC वर्ग के नेताओं को भेजा था लेकिन ये सभी बेअसर रहे। भाजपा ने बिहार में डा.मोहन यादव को चुनाव से पहले ही सक्रिय कर दिया था। उन्होंने राजनीतिक के साथ सामाजिक कार्यक्रमों में भाग लिया। पार्टी ने डा. मोहन यादव को स्टार प्रचारक बनाया था। उन्होंने लगभग आधे बिहार में 28 सभाएं और रोड शो किए। इनमें से 21 सीटें BJP जीती। इसी तरह संगठन ने पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा को 19 विधानसभा सीटों की जिम्मेदारी दी थी। इनमें से 17 पर NDA ने जीत प्राप्त की।

    करीब एक महीने तक वे बिहार में ही रहे और बूथ प्रबंधन का काम भी देखा। हितानंद और डा. महेंद्र सिंह को तिरहुत और मिथिला क्षेत्र की 58 सीटों की जिम्मेदारी दी गई थी। दोनों टीम के साथ लगभग डेढ़ माह बिहार में रहे। उन्होंने बूथ प्रबंधन को लेकर काम किया, जिसका लाभ यह हुआ कि तिरहुत क्षेत्र की 28 में से 26 और मिथिला की 30 में से 24 सीटें एनडीए ने जीती हैं। कांग्रेस ने राजद को डुबाने का काम किया परिणाम उत्साहवर्धक हैं।

     

  • पानसेमल में बनेगा रेस्ट हाउस और हाई सेकेंडरी स्कूल, एसडीओपी कार्यालय भी खुलेगा

    हमारी धरती और संस्कृति ही हमारी पहचान
    जनजातियां हमारी मुकुट मणियां हैं, यह हर प्रदेशवासी के लिए है गौरव की बात
    पानसेमल और वरला में उद्वहन सिंचाई परियोजना मंजूर
    सभी 51 गांवों को मिलेगा सिंचाई के लिए पानी
    मोरतलाई का मिडिल स्कूल प्रोन्नत होगा हाईस्कूल में
    रायचूर हाईस्कूल में अब हायर सेकेंडरी की कक्षाएं भी प्रारंभ होंगी
    मोरतलाई में धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की आदमकद प्रतिमा का किया लोकार्पण
    133 करोड़ रूपए लागत के 11 विकास कार्यों का किया लोकार्पण एवं भूमिपूजन

     

    भोपाल  
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश जनजातियों का अपना घर है, जिस ट्राइबल स्टेट भी कहा जाता है। यह उपमा ही हमारे अस्तित्व का सबसे बड़ा अभिनंदन है। जनजातियां, हमारी मुकुट मणियां हैं, यह प्रत्येक मध्यप्रदेशवासी के लिए अत्यंत गौरव और सम्मान की बात है। अबुआ दिशुम-अबुआ राज यानी हमारी धरती, हमारा राज। हमारी धरती और संस्कृति ही हमारी पहचान है और इसी पहचान का उत्सव हम सब आज बड़वानी में मना रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनजातीय गौरव दिवस वह शंखनाद है, जिसने नई पीढ़ी को वीर जननायकों के बलिदान, शौर्य और साहस से परिचित कराया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शुक्रवार को बड़वानी जिले की पानसेमल विधानसभा क्षेत्र के ग्राम मोरतलाई में जनजातीय गौरव दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ग्राम मोरतलाई में धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की भव्य आदमकद प्रतिमा का लोकार्पण किया। साथ ही बड़वानी जिले के लिए 133 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाले 6 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 5 विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। इसमें 46 करोड़ से अधिक की लागत से तैयार राजपुर से दवाना मार्ग का लोकार्पण और 14 करोड़ 86 लाख रूपए की लागत से सेंधवा में नवीन शासकीय महाविद्यालय भवन, बलवाड़ी का भूमिपूजन शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मांग पर पानसेमल और बारला में उद्वहन सिंचाई परियोजना के विस्तार की घोषणा करते हुए कहा कि अब क्षेत्र के सभी 51 गांवों के किसानों को सिंचाई के लिए जल दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने पानसेमल में रेस्टहाउस बनाने और यहीं पर अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) का कार्यालय (एसडीओपी आफिस) खोलने, टेमला में हायर सेकेंडरी स्कूल खोलने, मोरतलाई के मिडिल स्कूल को हायर सेकेंडरी स्कूल में प्रोन्नत करने एवं रायचूर में उपलब्ध हाई स्कूल को हायर सेकेंडरी स्कूल में प्रोन्नत करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने रामगढ़ से सापखड़की तक पक्की रोड बनाने की घोषणा भी की। उन्होंने कहा कि विकास की बात पर हमें सबका साथ चाहिए। सबके साथ और सहयोग से ही प्रदेश को विकास की ऊंचाइयों तक लेकर जाएंगे।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे जनजातीय भाई-बहनों ने सदैव अपनी माटी और अपनी संस्कृति के लिए जी-जान एक किया है। राजा भभूत सिंह से लेकर रानी अवंतिबाई तक अनेक जनजातीय नायकों की कहानी हमें आश्चर्य से भर देती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़वानी आते ही मन जनजातीय रंग में रंग गया है। मैं वीरों की भूमि बड़वानी की माटी से तिलक करता हूं, क्योंकि इस मिट्टी के कण-कण में रण है। यहां की मिट्टी ने भीमा नायक, खाज्या नायक और वीर बिरजू नायक जैसे अमर बलिदानियों को जन्म दिया। इन वीरों ने अपने पराक्रम से अंग्रेजों को छठी का दूध याद दिला दिया। इन सभी अमर सपूतों के चरणों में नमन है। उन्होंने कहा कि जनजातीय संस्कृति, परम्पराओं और आप सभी भाइयों-बहनों की उपस्थिति ने ही इस कार्यक्रम को गरिमामय बनाया है। उन्होंने सभी को राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस (15 नवम्बर) की अग्रिम बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि पूरे प्रदेश में धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जन्म जयंती भव्य स्वरूप में मनाई जा रही है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने 5 साल पहले जनजातीय नायकों को सम्मान देने की परंपरा की शुरुआत की। हमारे जनजातीय नायकों ने जनजाति अंचलों से स्वतंत्रता के लिए आवाज उठाई और भारत माता के जयकारे लगाते हुए अंग्रेजों से आजादी की लड़ाई लड़ी। उन्होंने अंग्रेजों से कहा था कि ये धरती खाली करो… ये जल, जंगल और जमीन हमारी है। भारत 1947 में आजाद तो हो गया, लेकिन तत्कालीन सरकारों ने समाज के नायकों को भुलाने का कार्य किया, खुद सत्ता के नशे में चूर हो गए। किसी भी जनजातीय नायक को कभी सम्मान नहीं दिया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार भावान्तर योजना का लाभ देते हुए किसानों से 5328 रुपए प्रति क्विंटल सोयाबीन खरीद रही है। लाड़ली बहनों की शुरुआत से लेकर अब तक 45 हजार करोड़ की राशि लाड़ली बहनों को दी गई है। हर महीने रक्षाबंधन और भाईदूज मन रही है। किसानों के खाते में 12 हजार रुपए सम्मान निधि भेजकर दिवाली मनाई जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीमा पर जवान और खेतों में किसान, हमारे लिए दोनों बराबर है, यही हमारी नीति है। राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने के लिए गोपालन और पशुपालन को बढ़ावा दे रही है। राज्य सरकार ने डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना की शुरुआत की है। जिसमें किसानों को डेयरी व्यवसाय शुरू करने पर अधिकतम 10 लाख रुपए तक अनुदान दिए जाने का प्रावधान है।

    मुख्यमंत्री ने प्रबुद्धजन से किया संवाद, नागरिकों ने पुष्प वर्षा कर किया आत्मीय स्वागत
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव के ग्राम मोरतलई में कार्यक्रम स्थल पहुँचने तक ग्रामीणों ने पुष्प वर्षा कर आत्मीय स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने भी ग्रामीणों का अभिवादन करते हुए उन्हें जनजातीय गौरव दिवस की शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम स्थल पर लगी विकास प्रदर्शनी के अवलोकन के दौरान जनजातीय बहनों के साथ मुख्यमंत्री ने सेल्फी ली। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम में आए जनजातीय समुदाय के पुजारों से संवाद कर क्षेत्र के विकास संबंधी चर्चा की। साथ ही जनजातीय संस्कृति को बढ़ावा देने में उनके योगदान के लिए 10-10 हजार रूपये की प्रोत्सहान राशि देने की घोषणा की।

    सांसद श्री गजेंद्र सिंह पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी ने भगवान बिरसा मुंडा की जयंती 15 नवंबर को "जनजातीय गौरव दिवस" के रूप में घोषित किया है। इसके लिए जनजातीय बंधु उनके आभारी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश के हर जिले को अनेक सौगातें दे रहे हैं। उन्होंने पानसेमल और बारला सिंचाई परियोजना के विस्तार को स्वीकृति प्रदान करने की बात कही।

    राज्यसभा सदस्य डॉ. सुमेर सिंह सोलंकी ने जनजाति गौरव दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई देते हुए कहा कि जनजातीय समुदाय प्रकृति और संस्कृति के संरक्षक है। भारतीय सभ्यता की नींव में जनजातीय समाज का अमूल्य योगदान रहा है। यह समुदाय अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, प्रकृति के साथ सामंजस्यपूर्ण जीवन शैली और शौर्यपूर्ण इतिहास के लिए जाना जाता है। देश के जल, जंगल और जमीन की रक्षा में इनका त्याग और बलिदान अद्वितीय है। जनजातीय संस्कृति ने हमें सामूहिक स्वामित्व, सह-अस्तित्व और पर्यावरण के संरक्षण का पाठ पढ़ाया है।

    पानसेमल विधायक श्री श्याम सिंह बर्डे ने स्वागत उद्बोधन में कहा कि सिकल सेल एनीमिया रोग का इलाज आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत किया जाए। कार्यक्रम में कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं बड़वानी जिले के प्रभारी मंत्री श्री गौतम टेटवाल, अनूसूचित जनजाति आयोग के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अंतरसिंह आर्य, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री बलवंत पटेल, पूर्व मंत्री श्री प्रेमसिंह पटेल, श्री नंदकिशोर पाटीदार, श्री सुभाष पटेल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं जनजातीयजन उपस्थित थे।

  • मानसरोवर विश्वविद्यालय का तीसरा दीक्षांत समारोह हुआ

    भोपाल
    राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि भगवान राम माँ सीता को भी उनके भाग्य का लिखा मिला था। नसीब में जो है, वह होता है, लेकिन अपने कर्म और परिश्रम से जो मिलता है। उसी में सच्चा आनंद और आत्मिक संतुष्टि है। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि दीक्षांत शपथ व्यवहार की मार्गदर्शिका है। उसके अनुसार 365 दिन आचरण करने पर जीवन में सफलता मिलना निश्चित है। राज्यपाल श्री पटेल मुख्य अतिथि की आसंदी से मानसरोवर विश्वविद्यालय के तीसरें दीक्षांत समारोह को शुक्रवार को संबोधित कर रहे थे। समारोह का आयोजन स्थानीय कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में किया गया। राज्यपाल श्री पटेल ने समारोह में व्हील चेयर पर आए विद्यार्थी वेंकट बालाजी को मंच से उतर कर उनके पास जाकर उपाधि दी।

    राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि चिकित्सक का कार्य ईश्वरीय यश प्राप्त करने का अवसर होता है। उन्होंने कहा कि कई बार मँहगी दवा खरीदने में असमर्थ होने पर गरीब व्यक्ति दवा ही नहीं लेता है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने जन औषधि केन्द्रों के माध्यम से उच्च गुणवत्ता वाली दवाएं कम कीमतों पर उपलब्ध करा दी है। चिकित्सकों से कहा है कि रोगियों को जन औषधियों के सेवन का परामर्श दे। प्रदेश में सभी जिलों, रेडक्रास शाखाओं में जन औषधि केन्द्र संचालित है। जनजाति बहुल विकास खण्डो में जनजातीय युवाओं के द्वारा जन औषधि स्टोर खोले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में आयुर्वेद चिकित्सा का नया युग आया है। आयुर्वेद चिकित्सकों के लिए अपार संभावनाएं निर्मित हुई है।

    राज्यपाल श्री पटेल ने विद्यार्थियों से कहा कि अपने कार्यों से उपलब्धियों के बड़े मापदंड रचें। सफलता के नए कीर्तिमान बनाएं। लेकिन यह याद रखें कि सफलता का पैमाना अपने ज्ञान, प्रतिभा और मेधा से समाज के विकास में सहभागिता और अपने सामर्थ्य और समृद्धता से गरीब, वंचित, पिछड़ों और जरूरतमंदों के जीवन में खुशहाली लाने में योगदान होना चाहिए। उन्होंने कहा कि दीक्षांत, विद्यार्थी जीवन की समाप्ति का नहीं बल्कि कर्मशील नागरिक और उत्तरदायी व्यक्ति के रूप में नई शुरुआत का पावन प्रसंग है। शिक्षा का उद्देश्य केवल डिग्री प्रदान करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में संस्कारों से चरित्र निर्माण, समाज कल्याण और राष्ट्र के विकास का बोध विकसित करना है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के माध्यम से युवाओं को ज्ञान और उन्नति के विभिन्न अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। छात्र-छात्राओं की शिक्षा केवल कौशल और विशेषज्ञता देने तक सीमित नहीं हो, बल्कि उद्यमिता के द्वारा सामाजिक सरोकारों में सहभागिता के लिए अनुभव और आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान करने वाली भी होना चाहिए। उन्होंने संस्थान के संस्थापक बह्मलीन कमलाकांत तिवारी का भी पुण्य स्मरण किया।

    कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि आरोग्य भारती के राष्ट्रीय महासचिव श्री अशोक वार्ष्णेय ने कहा कि अलग तरह से सोचने और बड़े लक्ष्य तैयार करने में ही जीवन की सफलता है। इसके लिए सकारात्मक दृष्टि के साथ कार्य करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि शिक्षा पुस्तकों में प्राप्त जानकारी होती है। इस जानकारी को समझ कर कार्य करना ही ज्ञान है। उन्होंने कहा कि जो केवल सपने देखते है उनके लिए रात छोटी होती है लेकिन जो साकार करने के लिए सपने देखते हैं। उनके लिए दिन छोटा होता है।

    मध्यप्रदेश निजी विश्वविद्यालय विनियामक आयोग के अध्यक्ष श्री खेम सिंह डेहरिया ने दीक्षित विद्यार्थियों से कहा कि समारोह में प्राप्त उपाधि के साथ आपका, आपके परिवार, विश्वविद्यालय, प्रदेश और देश का नाम जुड़ गया है। उसका मान-सम्मान बनाएं रखना धारक की जिम्मेदारी है। उन्होंने इस भावना के साथ राष्ट्र निर्माण में योगदान के लिए विद्यार्थियों को प्रेरित किया। कहा कि विकसित भारत और राष्ट्रीय शिक्षा नीति की ज्ञान परंपरा में उनके योगदान की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण होगी।

    कार्यक्रम में राज्यपाल श्री पटेल का स्वागत विश्वविद्यालय की कुलाधिपति श्रीमती मंजुला तिवारी ने किया। दीक्षांत स्मृति प्रतीक भेंट किया। स्वागत उद्बोधन विश्वविद्यालय के प्रो- चान्सलर, इंजीनियर गौरव तिवारी ने दिया। वाईस चान्सलर डॉ. ए.एस. यादव ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। दीक्षांत समारोह का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन से किया गया। संचालन श्री अनुज ने किया। 

  • राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने प्रो. आलोक चौबे को कुलगुरू नियुक्त किया

    महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय, चित्रकूट के होंगे नये कुलगुरू

    भोपाल 
    राज्यपाल एवं कुलाधिपति श्री मंगुभाई पटेल ने महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय, चित्रकूट का कुलगुरू प्रो. आलोक चौबे को नियुक्त किया है। प्रवेश एवं शुल्क विनियामक समिति मध्यप्रदेश, भोपाल के विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी प्रो. आलोक चौबे को कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से चार वर्ष की कालावधि के लिए कुलगुरू नियुक्त किया गया है। जारी आदेश के अनुसार इनकी सेवा शर्तें एवं निबंधन विश्वविद्यालय के परिनियम- 1 के अनुसार शासित होंगी।

     

  • प्रदेश में 14 नई सिंचाई परियोजनाओं को मिली सैद्धांतिक सहमति

    रायपुर
    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज मंत्रालय महानदी भवन में छत्तीसगढ़ सिंचाई परियोजना मंडल की 33वीं तथा वर्तमान सरकार के कार्यकाल की पहली बैठक संपन्न हुई। बैठक में प्रदेश की सिंचाई क्षमता बढ़ाने, भूजल स्तर सुधारने और शहरी क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति को सुदृढ़ बनाने पर विस्तृत विमर्श किया गया। इस दौरान विभिन्न क्षेत्रों के लिए 14 नई परियोजनाओं को सैद्धांतिक सहमति प्रदान की गई।
    मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि किसानों की आय में वृद्धि और कृषि उत्पादन बढ़ाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से सिंचाई नेटवर्क का लगातार विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सिंचाई रकबा बढ़ने से न केवल किसानों को लाभ मिलेगा बल्कि भूजल स्तर में सुधार होगा और पेयजल आपूर्ति को बेहतर ढंग से सुनिश्चित किया जा सकेगा।
    बैठक में सरगुजा, बस्तर सहित मैदानी इलाकों तक सिंचाई सुविधाओं के विस्तार पर व्यापक चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने सभी परियोजनाओं की रूपरेखा, लागत और उनके लाभों की विस्तृत जानकारी ली और कहा कि प्रदेशभर में संतुलित विकास सुनिश्चित करने के लिए इन परियोजनाओं को गति प्रदान की जाएगी।
    गौरतलब है कि इन परियोजनाओं के माध्यम प्रदेश में लगभग 01 लाख हेक्टेयर अतिरिक्त सिंचाई क्षमता में वृद्धि होगी। इन परियोजनाओं में बस्तर जिले के अंतर्गत देउरगांव बैराज सह उदवहन सिंचाई परियोजना, बस्तर जिले के अंतर्गत मटनार बैराज सह उद्धवहन सिंचाई परियोजना, रायपुर जिले के विकासखण्ड आरंग में महानदी पर मोहमेला सिरपुर बैराज योजना, अहिरन से गाजरीनाला जल संवर्धन निर्माण (खारंग अहिरन लिंक परियोजना) कार्य, बिलासपुर जिले के कोटा विकासखण्ड अंतर्गत छपराटोला फीडर जलाशय परियोजना, कुम्हारी जलाशय जल क्षमता वृद्धि (जलावर्धन) योजना के अंतर्गत समोदा बैराज से कुम्हारी जलाशय तक पाईप लाईन बिछाने का कार्य, दुर्ग जिले के विकासखण्ड धमधा के सहगांव उद्धवहन सिंचाई योजना, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में लमती फीडर जलाशय एवं नहरों का निर्माण कार्य, राजनांदगांव जिले में स्थित मोहारा एनीकट में पेय जल हेतु चौकी एनीकट से मोहारा एनीकट तक पाईप लाईन के माध्यम से जल प्रदाय योजना, जशपुर जिले के मैनी नदी में बगिया बैराज सह दाबयुक्त उद्ववहन सिंचाई योजना की स्वीकृति,
    जांजगीर-चांपा जिले के हसदेव बांगों परियोजना अंतर्गत वृहद परियोजना ऑगमेण्टेशन के अंतर्गत परसाही दाबयुक्त उद्ववहन सिंचाई परियोजना, कोरबा जिले के अंतर्गत मड़वारानी बैराज निर्माण सह उदवहन सिंचाई योजना, गरियाबंद जिले के पैरी परियोजना के अंतर्गत सिकासार जलाशय से कोडार जलाशय लिंक नहर (पाईप लाईन) योजना तथा बिलासपुर जिले के खारंग जलाशय योजना के बाएं तट नहर के आर्वधन हेतु पाराघाट व्यपवर्तन योजना से उद्धवहन फीडर सिंचाई का निर्माण कार्य शामिल किया गया है। 
    बैठक में उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव, कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम, वित्त मंत्री श्री ओ पी चौधरी, मुख्य सचिव श्री विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, ऊर्जा  विभाग के सचिव श्री रोहित यादव, मुख्यमंत्री के सचिव श्री मुकेश कुमार बंसल, जल संसाधन विभाग के सचिव श्री राजेश सुकुमार टोप्पो, प्रमुख अभियंता श्री इंद्रजीत उइके सहित जल संसाधन विभाग के वरिष्ठ अधिकारीगण मौजूद रहे।

  • डॉ. शाहीन सिद्दीकी प्रकरण: फांसी की मांग को लेकर प्रतिनिधि मंडल राष्ट्रपति को देगा ज्ञापन

    ग्वालियर

    दिल्ली के लाल किले पर मेट्रो स्टेशन के पास हुए विस्फोट में मृत लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए बैठक हिंदू महासभा भवन दौलतगंज में हुई, जिसकी अध्यक्षता राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ.जयवीर भारद्वाज ने की। बैठक में निर्णय लिया गया कि दिल्ली ब्लास्ट में मृत लोगों की श्रद्धांजलि सभा सनातन धर्म मंदिर परिसर में 14 नवंबर को होगी, जिसमें सभी राजनीतिक, सामाजिक, धार्मिक और व्यापारी संगठनों के प्रतिनिधि और जनप्रतिनिधि शामिल होंगे।

    शाहीन को मिले फांसी की सजा

    साथ ही, शाहीन सिद्दीकी(Dr. Shaheen Siddiqui) को फांसी की सजा दिलाने के लिए राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा जाएगा। बैठक का संचालन श्रीराम हिंदू सेना के राष्ट्रीय महामंत्री धर्मेंद्र शिंदे ने किया। बैठक में हिंदू महासभा के प्रदेश और जिला पदाधिकारी, श्रीराम हिंदू सेना के सदस्य और अन्य संगठन प्रमुख उपस्थित थे।

    सनातन धर्म यात्रा का शुभारंभ आज

    ग्वालियर से वृंदावन तक सनातन धर्म यात्रा का शुभारंभ 14 नवंबर को महाराज बाड़ा वाले बड़े हनुमान मंदिर से होगा। यात्रा के दौरान मुरैना, धौलपुर और आगरा में राष्ट्रभक्तों द्वारा स्वागत किया जाएगा।

  • मौसम में बदलाव: 17 से तापमान में मामूली बढ़ोतरी, सरगुजा समेत कई जगह शीतलहर alert

     

    रायपुर

    सुबह और देर रात ठंड से कांप रहे लोगों को 72 घंटे बाद थोड़ी राहत मिल सकती है. प्रदेश में नमी आने से न्यूनतम और अधिकतम तापमान में वृद्धि होगी. इसके पहले 17 नवंबर तक लोगों को ठंड का सामना करना होगा. मौसम विभाग के अनुसार, ठंडी और शुष्क हवा उत्तर से नियमित रूप से आ रही हैं. इसके कारण न्यूनतम तापमान में गिरावट आ रही है. पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से नमी आने के बाद इसका प्रभाव कम होगा. हालांकि नमी आने के बाद बारिश की स्थिति नहीं बनेगी. अगले एक सप्ताह तक मौसम शुष्क ही रहेगा . 17 नवंबर से बढ़ने वाले तापमान के पहले सरगुजा संभाग और उससे सटे जिलों दुर्ग और राजनांदगांव में शीत लहर की स्थिति बनी हुई है, जबकि अन्य जिलों में भी लोग कंपकंपाने वाली ठंड से जूझ रहे हैं.

    तापमान से 4 डिग्री कम सामान्य
    रायपुर का न्यूनतम तापमान 13.7 डिग्री दर्ज किया गया, जो सामान्य से 4.1 डिग्री कम है. अधिकतम तापमान सामान्य से 1.7 डिग्री कम 29 डिग्री रहा. माना में न्यूनतम तापमान 11 डिग्री तक पहुंच गया है. प्रदेश में सबसे अधिक तापमान दुर्ग में 30.6 डिग्री दर्ज किया गया. यहां न्यूनतम तापमान 10 डिग्री है. प्रदेश में सबसे ठंडा अंबिकापुर रहा, जहां व्यूनतम तापमान 7.4 डिग्री पहुंच गया है. यहां का अधिकतम तापमान 26.9 डिग्री रहा. बिलासपुर का अधिकतम तापमान 28.4 डिग्री व न्यूनतम तापमान 13 डिग्री रहा. इसी तरह राजनांदगांव का अधिकतम तापमान 29.5 डिग्री व न्यूनतम तापमान 10 डिग्री रहा.

    रायपुर में आज कैसा रहेगा मौसम ?
    राजधानी रायपुर में आज आकाश साफ रहने की संभावना है. अधिकतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जा सकता है.

  • भोपाल में स्नैचिंग का खुलासा: ईरानी गैंग से जुड़े नाबालिगों ने छीनकर मोबाइल लखनऊ में बेचा

    भोपाल
    उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल के निज सहायक (पीए) सुधीर कुमार दुबे से मोबाइल झपटने के मामले में टीटीनगर पुलिस ने ईरानी गैंग से जुड़े दो नाबालिग बदमाशों को पकड़ा है। चौंकाने वाली बात यह है आरोपितों ने झपटमारी की वारदात के कुछ ही देर बाद मोबाइल को लखनऊ के एक बदमाश को बेच दिया था, जिसे पुलिस ने अब ट्रेन से वापस मंगवा लिया है। आरोपितों के पास से पुलिस को चोरी व झपटमारी के 10 से अधिक मोबाइल मिले हैं।

    पुलिस उनसे अन्य वारदातों को लेकर पूछताछ कर रही है। घटना मंगलवार रात की है, जब सुधीर दुबे तुलसी नगर स्थित अपने घर से टहलने निकले थे। इसी दौरान जेपी अस्पताल के सामने बाइक सवार बदमाशों ने उनके हाथ से मोबाइल झपट लिया और अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। तत्काल सूचना पर पुलिस ने घेराबंदी की, लेकिन लुटेरे हाथ नहीं लगे। थाना प्रभारी गौरव सिंह ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी विश्लेषण से पुलिस को बदमाशों की पहचान के सुराग मिले।
     
    जांच के दौरान पता चला कि वारदात में ईरानी गैंग के दो नाबालिग शामिल हैं, जो शहर में हाल ही में सक्रिय हुए थे। दोनों को हनुमानगंज क्षेत्र से हिरासत में लिया गया। पूछताछ में उन्होंने अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि वे मोबाइल झपटने के बाद उसे लखनऊ में बेच दिया था।

    पुलिस ने तुरंत लखनऊ में संपर्क कर मोबाइल बरामद करवाया, जिसे ट्रेन पार्सल के जरिए भोपाल मंगवाया गया। फिलहाल मोबाइल जब्त कर दोनों नाबालिगों को बाल न्यायालय में पेश किया गया है। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि ईरानी गैंग के सदस्य महंगे स्मार्टफोन झपटने के बाद उन्हें दूसरे राज्यों में बेच देते हैं ताकि ट्रैकिंग मुश्किल हो जाए।

  • सरकारी कैबिनेट मीटिंग में बड़े फैसले—नीतिगत बदलावों को हरी झंडी

    रायपुर

    धान खरीदी की शुरुआत से पहले आज साय कैबिनेट की बैठक हुई. यह बैठक मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में की गई, जिसमें कई अहम फैसलों पर मुहर लगी है.

    देखिए कैबिनेट बैठक के महत्वपूर्ण फैसले

        मंत्रिपरिषद द्वारा खरीफ एवं रबी विपणन मौसम में दलहन-तिलहन फसल के उपार्जन हेतु पूर्व वर्ष की भांति ‘‘प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान‘‘ प्राईस सपोर्ट स्कीम (पीएसएस) के तहत उपार्जन किए जाने का निर्णय लिया गया. यहां यह उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान अंतर्गत खरीफ विपणन मौसम में अरहर, मूंग, उड़द, मूंगफली एवं सोयाबीन तथा रबी मौसम में दलहन-तिलहन फसल जैसे चना, सरसों, मसूर का उपार्जन समर्थन मूल्य पर किया जाता है. दलहन-तिलहन का समर्थन मूल्य पर उपार्जन की व्यवस्था प्रदेश की मंडियों में होने से बाजार में प्रतिस्पर्धा बनी रहती है, जिसके कारण कृषकों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य प्राप्त होने की संभावना होती है.

        मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ शासन कार्य (आवंटन) नियम में संशोधन करते हुए सार्वजनिक उपक्रम विभाग को वाणिज्य और उद्योग विभाग में और बीस सूत्रीय कार्यान्वयन विभाग का संविलियन योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग में करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया. यह निर्णय शासकीय कार्य में सुशासन को बढ़ावा देने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है. इसका उद्देश्य ‘‘मिनिमम गवर्मेंट मैक्सिमम गवर्नेंस‘‘ का क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है.

        मंत्रिपरिषद ने राज्य में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने के उद्देश्य से खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 के लिए समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन हेतु बैंकों तथा वित्तीय संस्थाओं हेतु स्वीकृत 15 हजार करोड़ रूपए की शासकीय प्रत्याभूति को खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के लिए पुनर्वेधीकरण करने के साथ ही विपणन संघ को अतिरिक्त शासकीय प्रत्याभूति राशि रूपये 11,200 करोड़ प्रदाय किए जाने का निर्णय लिया.

        मंत्रिपरिषद द्वारा राज्य प्रवर्तित दीनदयाल आवास योजना, अटल आवास योजना, अटल विहार योजना एवं नवा रायपुर मुख्यमंत्री आवास योजना हेतु पूर्व में जारी नियम एवं शर्तों में पात्रता हेतु निम्नलिखित अतिरिक्त प्रावधानों का समावेश कर विक्रय की अनुमति प्रदान की गई.

    अ) ईडब्ल्यूएस एवं एलआईजी भवनों, फ्लैटों के विक्रय हेतु 03 बार विज्ञापन होने के पश्चात अविक्रित भवनों को, पात्र हितग्राही के अतिरिक्त किसी भी आय वर्ग के हितग्राही को विक्रय किया जा सकता है, परन्तु ऐसे हितग्राहियों को शासन द्वारा स्वीकृत अनुदान की पात्रता नही होगी. अनुदान की पात्रता केवल निर्धारित आय वर्ग के हितग्राही को ही होगी.

    ब) ईडब्ल्यूएस एवं एलआईजी भवनों, फ्लैटों के विक्रय हेतु 03 बार विज्ञापन होने के पश्चात अविक्रित भवनों को एकल व्यक्ति या शासकीय/अर्धशासकीय अथवा निजी संस्थाओं द्वारा एक से अधिक संपत्ति क्रय करने का (Bulk Purchase) प्रस्ताव दिया जाता है, तो एकल व्यक्ति या शासकीय/अर्धशासकीय अथवा निजी संस्था के नाम पर एक से अधिक भवनों को मांग अनुसार विक्रय किया जा सकेगा, परन्तु इन्हें शासन द्वारा स्वीकृत अनुदान की पात्रता नही होगी. इस निर्णय का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक हितग्राहियों को इसका लाभ मिले.

  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव का एमजी रोड थाने पर औचक निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था की ली जानकारी

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एमजी रोड़ थाने का किया औचक निरीक्षण

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर पुलिस द्वारा आमजन की सुविधाओं के लिए किए जा रहे नवाचारों का किया अवलोकन

     इंदौर

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को इंदौर भ्रमण के दौरान थाना एमजी रोड़ का आकस्मिक निरीक्षण किया। उन्होंने थाने की विभिन्न व्यवस्थाओं को देखा तथा थाने के रजिस्टरों को चैक किया। उन्होंने थाने द्वारा की जा रही कार्रवाईयों की जानकारी भी ली। इंदौर पुलिस कमिश्नर  संतोष कुमार सिंह ने पुलिस द्वारा आमजन की सुविधाओं के लिए किए जा रहे नवाचारों की जानकारी भी दी।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने थाना में हेड मोहर्रिर कक्ष का निरीक्षण किया। उन्होंने एफआईआर दर्ज करने की कम्प्युटराईज्ड व्यवस्था को देखा। मौजूद स्टाफ से एफआईआर लिखने की प्रक्रिया की जानकारी ली। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रोजनामचे का भी निरीक्षण किया। दोपहर 12 बजे किये गये निरीक्षण में पाया गया कि अंतिम एंट्री सुबह 11.38 बजे की थी। इस दौरान पाया गया कि एक आरक्षक रिंकू सिंह 8 नवम्बर से बगैर सूचना के अनुपस्थित है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिए कि वे अनुपस्थिति का परीक्षण करें और नियमानुसार कार्रवाई करें।

     मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आगन्तुक रजिस्टर का अवलोकन भी किया। पुलिस कमिश्नर  संतोष कुमार सिंह ने बताया कि आमजन की सुविधा और उनके फीडबैक लेने के लिए हर थाने में आगन्तुक रजिस्टर रखा गया है। रजिस्टर में थाने में आने वाले आगन्तुक अपने फीडबैक दर्ज कर सकते है। उन्होंने बताया कि आगन्तुक रजिस्टर के आधार पर फीडबैक देने वाले नागरिकों से पुन: फीडबैक लेने के लिए भी विशेष व्यवस्था है। पुलिस कमिश्नर कार्यालय में इसके लिए एक अलग से फीडबैक सेक्शन बनाया गया है। इस सेक्शन द्वारा हर माह लगभग 5 हजार आगन्तुकों से फीडबैक फोन के माध्यम से लिया जाता है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव को पुलिस कमिश्नर कार्यालय द्वारा फीडबैक लेने के लिए क्यूआर कोड के संबंध में भी जानकारी दी गई। बताया गया कि कोई भी नागरिक क्यूआर कोड स्कैन कर अपना फीडबैक दे सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निर्देश दिए कि थानों में अव्यवस्थित रूप से खड़े वाहनों का निष्पादन किया जाए।  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निर्देश दिये कि थानों में आने वाले प्रत्येक नागरिक की संवेदनशीलता के साथ सुनवाई हो। नागरिकों की सुविधाएं एवं हितों को दृष्टिगत रखते हुए पुलिस पूर्ण दक्षता के साथ कार्य करें।

    निरीक्षण के दौरान जल संसाधन मंत्री  तुलसीराम सिलावट, विधायक मती मालिनी लक्ष्मण सिंह गौड़, पुलिस कमिश्नर  संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर  शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त  दिलीप कुमार यादव, अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर  अमित सिंह तथा  राजेश कुमार सिंह,  सुमित मिश्रा सहित अन्य जनप्रतिनिधि शामिल थे।

     

  • मध्यप्रदेश का नया अध्याय: अतुलनीय उपलब्धियों से बन रही राज्य की नई छवि

    अद्वितीय और अतुलनीय कार्य से मध्यप्रदेश की बन रही नई पहचान

    • अशोक मनवानी

    भोपाल

    मध्यप्रदेश में अनेक ऐसे कार्य हुए हैं जो असंभव माने जाते थे। अद्वितीय और अतुलनीय कार्यों से प्रदेश की नई पहचान बन रही है। मध्यप्रदेश के 70वें स्थापना दिवस पर एक विशेष उपहार राज्य के नागरिकों को मिला है। प्रदेश के धार्मिक, आध्यात्मिक और प्राकृतिक पर्यटन से जुड़े स्थानों के लिए हेलीकाप्टर सेवा प्रारंभ करने की ठोस पहल की गई।

    नया दृष्टिकोण और नए फैसले

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यभार संभालते ही नागरिकों की रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़ी तकलीफों को देखा और उनके समाधान के निर्देश दिए। सरकारी फाइल पर उनके प्रथम हस्ताक्षर तेज आवाज में बजाए जाने वाले डीजे और अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों पर नियंत्रण से संबंधित हुए थे। इसके साथ ही खुले रूप में मांस की बिक्री को भी उन्होंने प्रतिबंधित किया। सभी नगरों और ग्रामों में मध्य प्रदेश के नागरिक समरसता के साथ आपसी सद्भाव और भाईचारे के साथ रहते हैं। इसलिए ऐसा कोई भी कारण मौजूद नहीं होना चाहिए जिससे कटुता और मतभेद को कोई स्थान मिले। सद्भाव, भाईचारा आपसी मेलजोल और परस्पर सहयोग सबसे महत्वपूर्ण है। एक आदर्श समाज की रचना के लिए इन कारकों को अनदेखा नहीं किया जा सकता।

    गीता भवनों में होंगे वैचारिक आयोजन

    सामाजिक स्तर पर होने वाली गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के लिए शहरों में गीता भवन बनाने का सरकार ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इस दिशा में कार्रवाई तेजी से आगे बढ़ी है। अनेक भवन चिन्हित हो गए हैं और बहुत जल्द गीता भवनों में वैचारिक आयोजन, बौद्धिक वर्ग की विचार गोष्ठियां, पुस्तकालयों , वाचनालयों का संचालन और लोक रंजन के कार्यक्रम होते हम देखेंगे।

    समाज और सरकार मिलकर मना रहे हैं पर्व और त्योहार

    मध्यप्रदेश में अलग-अलग संस्कृतियों, भाषाओं और बोलियों के रहवासी रहते हैं। इन सभी की अपनी परंपराएं हैं। सभी पर्व त्यौहार मिलकर बनाए जाते हैं और समाज के साथ अब सरकार भी पर्व त्योहारों में हिस्सेदारी कर रही है। जहां दशहरे पर शस्त्र पूजन की परंपरा वापस लौटती दिखाई दी वहीं अन्य त्योहारों पर भी मेलजोल देखने लायक रहा है। चाहे प्रदेश के पश्चिम क्षेत्र में मालवा और निमाड़ अंचल में भगोरिया की धूम हो या शहरी क्षेत्र की बात करें तो इंदौर में होली के अवसर पर गेर का आयोजन हो, चाहे प्रदेश के अन्य जिलों में होली और रंग पंचमी का अवसर। सभी पर्व उल्लास के साथ बनाए गए।

    विभूतियों की गौरव गाथा आई मंच पर

    प्रदेश के आदर्श प्रतीक पुरुष जो महापुरुष होते हैं उनके नाटक मंचन की पहल हुई है। लोकमाता देवी अहिल्या बाई की 300वीं जयंती पर प्रदेश के अने स्थानों पर उनके व्यक्तित्व और कृतित्व पर केंद्रित नाटकों का मंचन करवाया गया। इस क्रम में सम्राट विक्रमादित्य के नाटक मंचन दक्षिण भारत से लेकर नई दिल्ली तक और राजधानी भोपाल में भी करने की पहल एक अनूठा प्रयास है। इसी तरह राजा भोज, सम्राट अशोक और प्रदेश के स्वतंत्रता सेनानियों पर केंद्रित नाटकों के मंचन भी आने वाले समय में होंगे। सांस्कृतिक क्षेत्र में प्रदेश में अनेक रिकार्ड बने।चाहे तबला वादन हो अथवा गीता पाठ के आयोजन हो, प्रदेश के युवाओं ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की है।

    प्रदेश में निरंतर खुल रहे मेडिकल कॉलेज

    प्रगति के प्रयासों का सेक्टर वार उल्लेख करें तो पीपीपी मोड पर मेडिकल कॉलेज खोलने की पहल करने वाला मध्यप्रदेश देश का पहला प्रांत है। इस समय प्रदेश में 32 मेडिकल कॉलेज हैं। स्वास्थ्य क्षेत्र में हेलीकॉप्टर सेवा का उपयोग बढ़ रहा है। मध्यप्रदेश सिंचाई, विद्युत, नवकरणीय ऊर्जा, सड़क निर्माण के क्षेत्र में आगे है निरंतर। इसके साथ अब शहरों में फ्लाय ओवर के निर्माण की श्रृंखला शुरू हुई है। इंदौर हो या भोपाल जबलपुर हो या ग्वालियर अथवा बीना और बासौदा जैसे छोटे कस्बे हो फ्लाय ओवर के निर्माण से जुड़े सभी प्रकल्प तेजी से क्रियान्वित हो रहे हैं। इससे शहरों में आंतरिक व्यवस्था सुधरी है। यातायात की बेहतर सुविधा नागरिकों को मिल रही है। सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कम हो रहा है।

    महिलाओं की रचनात्मक प्रतिभा का उपयोग

    प्रदेश की बहनों की उन्नति के लिए जहां बहुत सी योजनाएं लागू हैं वहीं टोल टैक्स वसूल करने और रेस्टोरेंट के संचालन के लिए उनकी क्षमताओं का उपयोग किया जा रहा है। यह अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरक पहल है। मध्यप्रदेश में पुलिस बैंड का उपयोग सीमित आयोजनों तक होता था। अब महाकाल की सवारी से लेकर अन्य पर्व त्यौहार पुलिस बैंड के साथ नई गरिमा प्राप्त कर रहे हैं। प्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्र में नाके चेक पॉइंट में बदले गए हैं। थानों की सीमाओं में बदलाव किया गया। इसी तरह जिलों और तहसीलों की सीमाओं और नए जिलों के गठन के लिए पुनर्गठन आयोग कार्य कर रहा है। सुशासन के क्षेत्र में बहुत सा कार्य हुआ है। कई ई- सेवाएं प्रारंभ हुई हैं।

    ड्रोन की उपयोगिता बढ़ी

    राजस्व के क्षेत्र में सूचना प्रौद्योगिकी का प्रयोग क्रांतिकारी है। हरदा जिला ड्रोन के उपयोग में सबसे आगे था और अब पूरे प्रदेश में ड्रोन के माध्यम से राजस्व संबंधी कार्य हो रहे हैं। यही नहीं कृषि और रक्षा के क्षेत्र में भी ड्रोन के उपयोग के लिए पहल हुई है। राज्य स्थापना समारोह "अभ्युदय मध्यप्रदेश" में विशेष ड्रोन शो के माध्यम से मैपकास्ट संस्था पहली बार सक्रिय भूमिका में सामने आई।

    अंतर्राज्यीय परियोजनाओं को साकार करने की पहल

    मध्यप्रदेश में तीन बड़ी अंतर्राज्यीय परियोजनाओं के कारण आधे से अधिक जिले तेजी से उन्नति की ओर अग्रसर हैं। जहां राजस्थान के साथ बरसों पुराने विवाद का निपटारा किया गया वहीं केन बेतवा सिंचाई परियोजना और तापी मेगा प्रोजेक्ट एक महत्वपूर्ण उदाहरण है। राजस्थान ,उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र प्रांतों के सहयोग से यह तीनों परियोजनाएं जब सरकार होंगी तब प्रदेश की तस्वीर एकदम परिवर्तित हो जाएगी। रेल सुविधाओं की दृष्टि से प्रदेश में अनेक सुविधाएं विकसित हुई हैं। निकट भविष्य में इंदौर- मनमाड रेल लाइन बन जाने से मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र का व्यापारिक और नागरिक संपर्क सघन हो जाएगा।

    तेजी से बढ़ रहे उद्योग और कारोबार

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उद्योग के क्षेत्र में जो कार्य किया है वह प्रदेश की स्थापना से लेकर अब तक 70 वर्ष का सबसे अनूठा प्रयोग और सफल प्रकल्प है। एक या दो बड़े नगरों में सीमित उद्योग संगोष्ठियां संभाग- संभाग में हुईं। उद्यमियों को राज्य शासन की नई नीतियों से सहयोग और संबल मिल रहा है। युवाओं को रोजगार देने के लिए अनेक जतन किए गए हैं। टेक्सटाइल क्षेत्र में महिलाओं को कम मिल रहा है। पीएम मेगा पार्क धार जिले में बन रहा है जो एक स्थान पर कपास उत्पादकों से कपास लेने उन्हें कपास की पूरी कीमत देने, एक परिसर में कपास से धागों के निर्माण फिर वस्त्रों के निर्माण और तैयार उत्पाद को विदेशों तक भेजने का कार्य होगा। विभिन्न सेक्टर में तेजी से कार्य हो रहा है। फार्मास्यूटिकल इंडस्ट्री हो या पर्यटन उद्योग अनेक तरह की पहल प्रदेश में की गई है।

    शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे अनेक नवाचार

    मध्य प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में अनूठा कार्य हुआ है। शिक्षा की गरिमा लौटाते हुए शिक्षकों की उपस्थिति, विद्यार्थियों की उपस्थिति सुनिश्चित की गई। प्रति सप्ताह और प्रतिमाह कार्य के घंटे निर्धारित कर पाठ्यक्रम पूर्ण करवाने के प्रयास और नई शिक्षा नीति के अनुरूप भारतीय ज्ञान परंपरा की अध्ययन सामग्री का समावेश महत्वपूर्ण उपलब्धि है। कुलपति को कुलगुरु का सम्मानजनक नाम देना मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहल है जिसका सभी तरफ स्वागत हुआ है। जो सांदीपनि विद्यालय जन सुविधाओं के साथ प्रारंभ हो रहे हैं उससे शासकीय विद्यालयों में प्रवेश के प्रति विद्यार्थियों और अभिभावकों का आकर्षण बढ़ गया है। आने वाले समय में शिक्षा के क्षेत्र में मध्यप्रदेश पूरे देश में अलग पहचान बनाएगा। समग्र विकास की तरफ बढ़ रहे मध्यप्रदेश के नागरिक भी विकास कार्यों में भागीदारी सुनिश्चित कर अपना योगदान दे रहे हैं।

    • अशोक मनवानी

     

     

  • सोयाबीन का भावांतर मॉडल रेट 4184 रुपए, किसानों को मिलेगा फायदा

    भावांतर योजना में सोयाबीन का मॉडल रेट बढ़कर हुआ 4184 रुपए

    किसानों को गुरूवार को मिली 233 करोड़ रूपए भावातंर राशि

    भोपाल

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरूवार को प्रदेश के किसानों के खाते में भावांतर राशि के 233 करोड़ रूपए अंतरित किए। आज भावांतर योजना 2025 के अंतर्गत सोयाबीन विक्रेता किसानों के लिए आज 14 नवंबर को 4184 रुपए प्रति क्विंटल का मॉडल रेट जारी किया गया है। यह मॉडल रेट उन किसानों के लिए है जिन्होंने अपनी सोयाबीन की उपज मंडी प्रांगणों में विक्रय की है। इस मॉडल रेट के आधार पर ही भावांतर की राशि की गणना की जाएगी।

    सोयाबीन के मॉडल रेट में लगातार वृद्धि जारी है। पहला मॉडल रेट 7 नवंबर को 4020 रुपए प्रति क्विंटल जारी किया गया था। यह मॉडल रेट बढ़कर 13 नवंबर को 4130 रुपए और आज 4184 रूपए प्रति क्विंटल का मॉडल रेट जारी हुआ।

     

  • ग्वालियर व्यापार मेला: दुकान ब्लैक या किराए पर देने पर लगेगा 1 लाख का दंड, प्रशासन ने कसी नियमों की सख्ती

    ग्वालियर 

    100 साल से भी ज्यादा पुराना रियासतकालीन ग्वालियर व्यापार मेला जल्दी ही शुरू होने वाला है, प्रशासनिक स्तर पर इसकी तैयारियां शुरू हो गई है, दुकानों के आवंटन की प्रक्रिया चल रही है, मेला प्राधिकरण दुकानों को व्यवस्थित करने में लगा है, इस बीच प्रशासन ने मेले की शेष बची दुकानों के आवंटन के लिए एक बार फिर पोर्टल खोलने का निर्णय लिया हैं वहीं दुकान ब्लैक करने पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाने का फैसला लिया है।

    श्रीमंत माधवराव सिंधिया ग्वालियर व्यापार मेले में वर्ष 2025-26 में दुकानों के आवंटन के लिये दुकान आवंटन का कार्य एमपी ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से 14 अक्टूबर से शुरू किया गया था। निर्धारित तिथि 10 नवम्बर 2025 तक मेले में केवल 60 प्रतिशत दुकानों का आवंटन ऑनलाइन हुआ है। इसलिए प्रशासन ने एक बार फिर पोर्टल ओपन करने के निर्णय लिया है।

    14 से 21 नवम्बर तक खुलेगा एमपी ऑनलाइन पोर्टल 

    मेला प्रशासन ने तय किया है कि मेले की शेष 40 प्रतिशत दुकानों के आवंटन के लिये 14 नवम्बर से 21 नवम्बर 2025 तक एमपी ऑनलाइन पोर्टल खोला जायेगा। इस अवधि मेले में दुकान लगाने के इच्छुक दुकानदार एमपी ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवंटन के लिये आवेदन कर सकते हैं।

    स्वच्छता में लापरवाही: 5 कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी, 5 निलंबित, 4 आउटसोर्स सफाई श्रमिकों की सेवा समाप्त
    दुकान ब्लैक की तो लगेगा 1 लाख रुपये जुर्माना 

    ग्वालियर संभाग आयुक्त/मेला प्राधिकरण अध्यक्ष  मनोज खत्री ने गुरुवार को ग्वालियर व्यापार मेला के संचालन के संबंध में समीक्षा करते हुए निर्देशित किया कि मेले की दुकानों के लिये अंतिम बार 21 नवम्बर तक की अवधि निर्धारित की गई है। इसके बाद ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया समाप्त हो जायेगी। संभाग आयुक्त ने बैठक में यह भी निर्देश दिए हैं कि मेले की दुकानों को ब्लैक करने की शिकायत भी प्राप्त होती है। किसी भी दुकानदार द्वारा अगर दुकान अन्य किसी को ब्लैक में या किराए पर दी जाती है तो आवंटित दुकानदार पर एक लाख रुपए की पैनल्टी लगाई जायेगी। साथ ही 5 वर्ष के लिये दुकान आवंटन ब्लैक लिस्ट में दर्ज किया जायेगा।

    इन व्यवस्थाओं को भी दुरुस्त रखने के निर्देश 

    संभाग आयुक्त ने मेले की व्यवस्थाओं के संबंध में विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने मेले की साफ-सफाई के संबंध में नगर निगम के अधिकारियों को निर्देशित किया है कि तत्परता के साथ साफ-सफाई का कार्य किया जाए। इसके साथ ही प्रचार-प्रसार, विद्युत व्यवस्था, ऑटोमोबाइल सेक्टर, झूला सेक्टर की व्यवस्थाओं के संबंध में भी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।