Site icon Kadwaghut

राजनांदगांव : दुर्ग का महावीर महाविद्यालय बना रहा है ‘रजिस्टर्ड डॉक्टर’…

खनिज राजस्व में 14 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि

राजनांदगांव. स्वास्थ्य शिक्षा के क्षेत्र में एक नया आयाम जोड़ते हुए दुर्ग स्थित महावीर प्राकृतिक एवं योग विज्ञान चिकित्सा महाविद्यालय युवाओं को बैचलर ऑफ नेचुरोपैथी एंड योगिक साइंस (बीएनवाईएस) पाठयक्रम के माध्यम से ‘रजिस्टर्ड डॉक्टर’ बनने का सुनहरा अवसर दे रहा है। इस प्रतिष्ठित पाठयक्रम में प्रवेश के लिए नीट परीक्षा की आवश्यकता नहीं है।

वर्ष 2002 में स्थापित यह संस्थान पं. दीनदयाल उपाध्याय स्मृति स्वास्थ्य विज्ञान एवं आयुष विश्वविद्यालय, रायपुर से संबद्ध है और नई दिल्ली से मान्यता प्राप्त है। पांच वर्षीय डॉक्टरेट स्तर का यह कोर्स (चार वर्ष शैक्षणिक+एक वर्ष इंटर्नशिप) आधुनिक चिकित्सा विज्ञान और प्राचीन भारतीय प्राकृतिक चिकित्सा एवं योग पद्धति का समन्वय कराता है। प्रवेश के लिए 10+2 (बायोलॉजी ग्रुप) में सामान्य वर्ग के लिए 50 प्रतिशत और आरक्षित वर्ग के लिए 40 प्रतिशत अंक आवश्यक हैं। महाविद्यालय में प्रति वर्ष 100 सीटें उपलब्ध हैं।

बीएनवाईएस डिग्रीधारी छात्र सरकारी अस्पतालों, योग केंद्रों, शिक्षण संस्थानों, स्वास्थ्य रिसॉर्ट्स तथा एआईआईएमएस (एम्स) जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में चिकित्सक या योग विशेषज्ञ के रूप में कार्य कर सकते हैं। साथ ही, इच्छुक विद्यार्थी स्वयं का क्लिनिक या प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र भी प्रारंभ कर सकते हैं। यह उन युवाओं के लिए सुनहरा अवसर है जो बिना नीट के चिकित्सा क्षेत्र में समाजसेवा का सपना साकार करना चाहते हैं।

Exit mobile version