
धर्मांतरण विधेयक को लेकर भूपेश बघेल का हमला, कहा – सरकार फंसी तो राज्यपाल ने लौटाया बिल
पूर्व मुख्यमंत्री ने उठाए सवाल, बोले – ओबीसी आरक्षण वाले विधेयक पर भी जल्द फैसला करे राजभवन
रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने धर्मांतरण कानून को लेकर राज्य सरकार और राजभवन पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा कि जब सरकार इस मामले में फंस गई तो राज्यपाल “तारणहार” बन गए और पुराने विधेयक को वापस लौटा दिया।
भूपेश बघेल ने अपने पोस्ट में सवाल उठाते हुए कहा कि यह भी बताया जाना चाहिए कि यह विधेयक अब तक लंबित क्यों रखा गया था और इसे अभी वापस लौटाने की जरूरत क्यों पड़ी। उन्होंने कहा कि अच्छा है कि माननीय राज्यपाल ने पुराने विधेयकों को निपटाने की प्रक्रिया शुरू की है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि उनकी सरकार के कई विधेयक लंबे समय से राजभवन में लंबित पड़े हैं और उन पर भी जल्द निर्णय लिया जाना चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से सर्वसम्मति से पारित ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण देने वाले विधेयक का उल्लेख करते हुए कहा कि राजभवन को या तो उसे स्वीकृति देनी चाहिए या वापस लौटा देना चाहिए।
भूपेश बघेल ने भाजपा पर भी निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा की मंशा साफ होनी चाहिए कि वह ओबीसी समाज को आरक्षण देना चाहती है या नहीं। उनके इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर आरक्षण और विधेयकों को लेकर चर्चा तेज हो गई है।






