
2027 की तैयारी शुरू: BJP में नए चेहरे, पुराने नेताओं की भूमिका बदलेगी?
लखनऊ
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव और केंद्रीय चुनाव पर्यवेक्षक विनोद तावड़े ने सोमवार को सीएम योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की। माना जा रहा है कि तावड़े ने सीएम से प्रदेश भाजपा की नई टीम, निगम-आयोग में खाली पदों पर नियुक्ति के साथ मंत्रिमंडल विस्तार में शामिल होने वाले संभावित चेहरों को लेकर चर्चा की है। इसके लिए वह वित्त मंत्री सुरेश खन्ना और राज्यसभा सांसद डॉ. दिनेश शर्मा से भी मिले थे। तावड़े ने सबसे बातचीत करने के बाद अपनी रिपोर्ट लेकर दिल्ली चले गए हैं। अब वह इसे केंद्रीय नेतृत्व को सौपेंगे।
मंत्रियों के कामकाज को लेकर फीडबैक
सूत्रों के मुताबिक, राष्ट्रीय महासचिव विनोद तावड़े ने संगठन और सरकार के अलग-अलग चेहरों के साथ अलग-अलग बैठकर अपनी रिपोर्ट तैयार की है। कई मंत्रियों के कामकाज से संगठन खुश नहीं है। माना जा रहा है कि जिनका काम खराब है, उन्हें संगठन में भेजा जा सकता है। कुछ को केंद्रीय संगठन और कुछ को प्रदेश संगठन में मौका मिल सकता है। वहीं, संगठन में जिन्हें एमएलसी या विधायक बनाया जा चुका है, उन्हें संगठन के काम से मुक्त किया जा सकता है। भाजपा प्रदेश संगठन की योजना है कि सालों से काम कर रहे चेहरों की बजाए नए चेहरों को मौका दिया जाए। सूत्रों के मुताबिक 2027 की चुनावी तैयारी के लिए जातीय समीकरण के लिहाज से भी कुछ बदलाव किए जा सकते हैं।
युवा चेहरों को मिलेगा मौका
सूत्रों के मुताबिक, अब तक जितना भी फीडबैक आया है, उसके हिसाब से आयोग और निगमों में पुराने कार्यकर्ताओं को मौका दिया जाएगा। संगठन के कुछ पुराने कार्यकर्ताओं को भी निगम और आयोग में भेजा जा सकता है। वहीं, संगठन और सरकार में अब नए चेहरों को मौका दिया जाएगा। इनमें दलित और ओबीसी चेहरों को आगे किया जा सकता है। यह सारी रिपोर्ट और जमीनी फीडबैठक राष्ट्रीय महामंत्री ने तैयार किया है। जल्दी ही इसे लेकर दिल्ली में बैठक भी होगी। इसके बाद बदलाव किए जा सकते हैं।



